भारतीय शेयर बाजार में जोरदार उछाल! सेंसेक्स-निफ्टी दोनों हरे निशान में बंद

29 अप्रैल को भारतीय शेयर बाजार में मजबूत रिकवरी देखने को मिली। निफ्टी 50 और सेंसेक्स दोनों में तेजी दर्ज हुई, जबकि मिडकैप और स्मॉलकैप में मिला-जुला रुख रहा। मजबूत अर्निंग्स और निवेशकों की खरीदारी से बाजार को सपोर्ट मिला, हालांकि ऊंचे स्तरों पर प्रॉफिट बुकिंग ने बढ़त को कुछ हद तक सीमित किया।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 29 April 2026, 8:28 PM IST
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Mumbai: पिछले कारोबारी सत्र में गिरावट देखने के बाद 29 अप्रैल को भारतीय शेयर बाजार ने जोरदार वापसी की। बाजार की शुरुआत ही मजबूती के साथ हुई और पूरे दिन खरीदारी का माहौल बना रहा। निफ्टी 50 ने मई सीरीज़ की शुरुआत सकारात्मक तरीके से की और इंट्राडे में 24,334.70 का ऊपरी स्तर छू लिया।  दिन के अंत में ऊंचे स्तरों पर प्रॉफिट बुकिंग देखने को मिली, जिससे कुछ बढ़त कम हो गई। इसके बावजूद बाजार हरे निशान में बंद हुआ और निवेशकों के चेहरे पर राहत नजर आई।

निफ्टी और सेंसेक्स दोनों में मजबूत बंद

कारोबार के अंत में निफ्टी 50 कुल 181.95 अंक यानी 0.76% की बढ़त के साथ 24,177.65 पर बंद हुआ। वहीं, बीएसई सेंसेक्स ने भी मजबूत प्रदर्शन करते हुए 609.45 अंक यानी 0.79% की बढ़त के साथ 77,496.36 के स्तर पर क्लोजिंग दी। पूरे सत्र के दौरान यह साफ दिखा कि बाजार में चौतरफा खरीदारी देखने को मिली। बैंकिंग, आईटी, ऑटो और एफएमसीजी जैसे प्रमुख सेक्टर्स ने इंडेक्स को सपोर्ट दिया। मजबूत कंपनियों के नतीजों और बेहतर अर्निंग्स मोमेंटम ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया, जिसका असर सीधे बाजार की चाल पर दिखा।

मिडकैप और स्मॉलकैप में मिला-जुला रुख

बड़े इंडेक्स की तुलना में मिडकैप और स्मॉलकैप सेगमेंट में अलग-अलग रुख देखने को मिला। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ, जिससे यह संकेत मिला कि मिडकैप शेयरों में निवेशक कुछ सतर्क नजर आए। वहीं, निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स ने बेहतर प्रदर्शन किया और 0.65% की बढ़त के साथ बंद हुआ। इससे साफ है कि छोटे और मध्यम स्तर के शेयरों में भी चुनिंदा खरीदारी जारी रही, लेकिन पूरा बाजार एक समान दिशा में नहीं बढ़ पाया।

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ग्लोबल संकेत कमजोर

वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेत कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और भारतीय रुपये में गिरावट जैसे दबाव के बावजूद घरेलू बाजार ने मजबूती दिखाई। निवेशकों ने गिरावट को खरीदारी के अवसर के रूप में इस्तेमाल किया, जिससे बाजार में रिकवरी देखने को मिली। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के रिसर्च हेड विनोद नायर ने कहा कि भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के बावजूद भारतीय बाजार ने लचीलापन दिखाया है। उनके अनुसार बेहतर-से-अपेक्षित कॉर्पोरेट अर्निंग्स और निवेशकों की खरीदारी ने बाजार को सपोर्ट दिया।

अर्निंग्स मोमेंटम ने दिया बड़ा सपोर्ट

बाजार में इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण कंपनियों के बेहतर नतीजे माने जा रहे हैं। कई बड़ी कंपनियों के मजबूत तिमाही परिणामों ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया है। इसके साथ ही सेक्टर आधारित खरीदारी ने भी इंडेक्स को ऊपर उठाने में अहम भूमिका निभाई।

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ऊंचे स्तरों पर प्रॉफिट बुकिंग भी दिखी

हालांकि बाजार में तेजी का रुख रहा, लेकिन दिन के दूसरे हिस्से में निवेशकों ने कुछ मुनाफावसूली भी की। निफ्टी अपने इंट्राडे हाई से नीचे आकर बंद हुआ, जो यह दर्शाता है कि निवेशक ऊंचे स्तरों पर जोखिम कम करने की रणनीति अपना रहे हैं।

Location :  Mumbai

Published :  29 April 2026, 8:28 PM IST

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