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यूपी एसटीएफ ने उत्तर प्रदेश में उप निरीक्षक नागरिक पुलिस व समकक्ष पदों की सीधी भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा का प्रश्नपत्र दिलाने का झांसा देकर अभ्यर्थियों से ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक शातिर को गिरफ्तार किया है।
यूपी पुलिस एसआई परीक्षा में सेंधमारी करने वाला गिरफ्तार
Lucknow: यूपी एसटीएफ ने शनिवार को आयोजित होने वाली उत्तर प्रदेश पुलिस उपनिरीक्षक एवं समकक्ष भर्ती परीक्षा 2025 के नाम पर विभिन्न सोशल मीडिया चैनलों के माध्यम से ठगी करने वाले एक शख्स को गिरफ्तार किया है। आरोपी टेलीग्राम पर चैनल बनाकर अभ्यर्थियों को फर्जी प्रश्नपत्र भेजता था। उनसे ऑनलाइन रकम वसूलता था।
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान आयुष बघेल पुत्र मनोज बघेल इन्जिनियर्स कालोनी थाना न्यू आगरा, जनपद आगरा के रूप में हुई है। एसटीएफ ने आरोपी से 1 मोबाइल फोन बरामद किया है। एसटीएफ ने आरोपी की गिरफ्तारी शुक्रवार को इन्जिनियर्स कालोनी थाना न्यू आगरा जनपद आगरा से की है।
जानकारी के अनुसार उ०प्र० पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड लखनऊ द्वारा उपनिरीक्षक ना०पु० एवं समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती-2025 की लिखित परीक्षा की शुचिता बनाये रखने के लिए उ०प्र० पुलिस भर्ती बोर्ड लखनऊ द्वारा सोशल मीडिया सेल एवं एसटीएफ उ०प्र० द्वारा आफ लाईन व आनलाईन इंटरनेट पर उपलब्ध समस्त मीडिया प्लेटफार्म पर निरन्तर निगरानी रखी जा रही हैं।
परीक्षा की शुचिता भंग न हो इस सम्बन्ध में एसटीएफ की विभिन्न इकाईयों / टीमों को अभिसूचना संकलन एवं कार्यवाही के लिए निर्देशित किया गया था।
इस बीच निगरानी के दौरान सोशल मीडिया प्लेटफार्म टेलीग्राम पर दिनांक 11-03-2026 व दिनांक 12-03-2026 को UP SI EXAM PAPER UP SI-2026 के नाम से चैनल परिचालित करते हुए अनधिकृत रुप से परीक्षार्थियों को अनुचित लाभ पहुंचाने के लिए कम्प्यूटर नेटवर्क का दुरुपयोग करते हुए धोखाधड़ी से उपनिरीक्षक परीक्षा-2025 लिखित परीक्षा का प्रश्न पत्र उपलब्ध कराने का मैसेज वायरल किया गया है।
ठगी करने वाला व्यक्ति जनपद आगरा में मौजूद है। प्राप्त सूचना पर उ०नि० नरेन्द्र सिंह, उ०नि० नितिन यादव कमाण्डो दयानन्द मिश्रा चालक सुरेश सिंह की टीम द्वारा हुसैनगंज पुलिस को साथ लेकर इन्जिनियर्स कालोनी थाना न्यू आगरा, जनपद आगरा से उपरोक्त व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार अभियुक्त ने पुछताछ में बताया कि उनके द्वारा कुछ लोगों के साथ समूह बनाकर टेलीग्राम पर विभिन्न चैनल बनाकर इन्हीं चैनलों के माध्यम से लोगों को जोड़कर पेपर लीक से सम्बन्धित मैसेज वायरल किया जाता है और किसी परीक्षा के पेपर का प्रथम पेज पीडीएफ एडिटर से एक पीडीएफ जिसमे केवल प्रश्न और विकल्प को छोड़कर बाकी सब हटाकर तैयार किया जाता है।
जिसे चैनलों में भेज दिया जाता है, जिससे लोगों को विश्वास हो जाता है और लोग आन लाइन पेमेंट कर देते है। इसके अलावा अन्य चैनलों के माध्यम से भी यूजरों से बातचीत कर प्रतियोगी परीक्षाओ के प्रश्नपत्र प्राप्त करने का प्रयास भी करते है ताकि उन्हे परीक्षार्थियों को ज्यादा रुपये लेकर दिये जा सके।
पुलिस गिरफ्तार अभियुक्त से प्राप्त सूचना के आधार पर अन्य तथ्यों के बारे में छानबीन की जा रही है। गिरफ्तार अभियुक्त के खिलाफ थाना हुसैनगंज, जनपद लखनऊ में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस मामले में आगे की कार्रवाई में जुट गई है।