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सोनभद्र के रेणुकूट वन विभाग ने अवैध लकड़ी तस्करी के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। टीम ने पीछा कर साखू की लकड़ियों से भरा ट्रक ज़ब्त किया, जिसकी रेकी फॉर्च्यूनर कार से की जा रही थी। छत्तीसगढ़ से बिहार जा रही इस खेप की पूरी रिपोर्ट यहाँ पढ़ें।
रेणुकूट में साखू की लकड़ी से लदा ट्रक ज़ब्त
Sonbhadra: उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के रेणुकूट वन क्षेत्र में वन विभाग की टीम को अवैध लकड़ी तस्करी के खिलाफ एक बहुत बड़ी सफलता हाथ लगी है। प्रभागीय वनाधिकारी (DFO) के कड़े निर्देशों के बाद, वन विभाग की सतर्क टीम ने इलाके में घेराबंदी कर प्रतिबंधित साखू (साल) की बेशकीमती लकड़ियों से लदे एक ट्रक को रंगे हाथों पकड़ लिया है।
उड़ाका दल प्रभारी एवं पिपरी रेंजर राघवेंद्र कुमार के नेतृत्व में टीम को सूचना मिली थी कि ट्रक संख्या UP 70 NT 9564 छत्तीसगढ़ से बिहार की ओर अवैध साखू लकड़ी लेकर जा रहा है। सूचना के आधार पर टीम ने तुरंत निगरानी शुरू कर दी।
मुरधवा मोड़ के पास ट्रक चालक ने भागने का प्रयास किया, लेकिन वन विभाग की टीम ने सतर्कता दिखाते हुए उसका पीछा जारी रखा। अंततः रॉबर्ट्सगंज मंडी के पास ट्रक को रोककर कब्जे में ले लिया गया।
जांच के दौरान चालक पंचम सिंह से लकड़ी से संबंधित वैध दस्तावेज मांगे गए, लेकिन वह कोई भी कागजात प्रस्तुत नहीं कर सका। इससे स्पष्ट हुआ कि लकड़ी का परिवहन अवैध रूप से किया जा रहा था।
प्रारंभिक जांच में सामने आया कि एक फॉर्च्यूनर वाहन ट्रक की निगरानी कर रहा था। इससे अंतरराज्यीय तस्करी गिरोह के सक्रिय होने की आशंका जताई जा रही है। कार्रवाई के दौरान कुछ लोगों ने हस्तक्षेप की कोशिश की, लेकिन टीम ने स्थिति को नियंत्रित कर लिया।
इस कार्रवाई में वन दरोगा रवि यादव, छोटेलाल तथा वनरक्षक शैलेन्द्र यादव और हिमांशु मौर्य की भूमिका महत्वपूर्ण रही। ट्रक को स्थानीय वन रेंज के सहयोग से सोनभद्र वन प्रभाग को सौंप दिया गया है। वन विभाग ने कहा है कि अवैध लकड़ी तस्करी के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।