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वकील की बैठक (Img : Google)
Meerut : कचहरी परिसर स्थित पंडित नानक चंद सभागार में हाई कोर्ट बेंच स्थापना केंद्रीय संघर्ष समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इसमें वेस्ट यूपी के 22 जिलों की बार एसोसिएशनों के पदाधिकारी और प्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल हुए। बैठक का मुख्य मकसद लंबे समय से लंबित हाई कोर्ट बेंच की मांग को और मजबूत करना रहा।
बैठक में वकीलों ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाई कोर्ट बेंच की मांग लगभग 50 सालों से लंबित है। इस मांग को लेकर प्रत्येक शनिवार को न्यायिक कार्य से विरत रहने की परंपरा जारी है, जिसे और प्रभावी बनाने का निर्णय लिया गया।
बैठक में सर्वसम्मति से तय किया गया कि आगामी विधानसभा चुनाव से पहले “बेंच नहीं तो वोट नहीं” अभियान को पूरे क्षेत्र में और व्यापक रूप से चलाया जाएगा। वकीलों ने इसे जनता के न्यायिक अधिकारों से जुड़ा मुद्दा बताया।
एक प्रतिनिधिमंडल प्रधानमंत्री, केंद्रीय गृह मंत्री, विधि एवं न्याय मंत्री तथा सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश से मुलाकात करेगा। इसमें पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हाई कोर्ट बेंच की स्थापना की मांग रखी जाएगी।
इलाहाबाद उच्च न्यायालय द्वारा हापुड़ और नोएडा बार पदाधिकारियों को जारी कारण बताओ नोटिस के विरोध में 20 मई 2026 को न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया गया। संघर्ष समिति की अगली बैठक 18 जुलाई को बागपत बार एसोसिएशन के तत्वावधान में आयोजित की जाएगी।
Location : Meerut
Published : 17 May 2026, 9:03 PM IST