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नारायणी नदी तटबंध टूटा (सोर्स- एक्स)
Kushinagar: उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। सोमवार, 28 सितंबर 2026 की देर रात नारायणी (बड़ी गंडक) नदी के तेज बहाव और दबाव को सहन न कर पाने के कारण अहिरौली दान-पिपरासी (एपी) तटबंध टूट गया। इस अचानक हुई दुर्घटना के बाद आसपास के दर्जनों गांवों में बाढ़ का पानी तेजी से फैल गया है, जिससे स्थानीय आबादी के बीच भारी अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया है।
यह गंभीर हादसा तमकुहीराज तहसील क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ततवा टोला (किलोमीटर 6.000) के पास हुआ है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, नेपाल स्थित वाल्मीकिनगर बैराज से भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण नारायणी नदी का जलस्तर अचानक काफी बढ़ गया था। नदी के इस उग्र और तेज बहाव की वजह से बांध में पहले से रिसाव (सीपेज) और कटान की समस्या शुरू हो गई थी, जो देखते ही देखते इतनी बढ़ गई कि बांध का लगभग 10 मीटर यानी करीब 20 फीट का हिस्सा पूरी तरह कटकर नदी में समा गया।
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तटबंध के टूटने से कुशीनगर के ग्रामीण इलाकों पर भारी संकट आ गया है। इस आपदा की वजह से गौरहा, सिसवा, बाघाचौर, बाकखास, चैनपट्टी, आवपुर और भगवानपुर समेत लगभग एक दर्जन गांवों में बाढ़ का पानी सीधे तौर पर घुस गया है।
प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, इस अप्रत्याशित बाढ़ की चपेट में आने से करीब 15 से 20 हजार की आबादी प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित हुई है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीण अपने घरों को छोड़कर सुरक्षित स्थानों और ऊंचे हाईवे की तरफ पलायन करने को मजबूर हो गए हैं। लोगों में अपने जीवन और आजीविका को लेकर गहरी चिंता बनी हुई है।
घटना की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग पूरी तरह हरकत में आ गया है। राहत और बचाव कार्य के लिए मौके पर NDRF (राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल) और SDRF (राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल) की टीमों को तुरंत तैनात कर दिया गया है।
ये विशेष टीमें स्थानीय पुलिस बल के साथ मिलकर युद्धस्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चला रही हैं और बाढ़ के पानी में फंसे ग्रामीणों को सुरक्षित निकालकर राहत शिविरों या ऊंचे स्थानों तक पहुँचा रही हैं।
दूसरी ओर, सिंचाई विभाग और बाढ़ खंड के तमाम अधिकारी तथा कर्मचारी स्थिति को नियंत्रित करने में जुटे हैं। वे बांध के बचे हुए हिस्सों को सुरक्षित करने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं। कटी हुई जगह पर जियोबैग और भारी बोल्डर डालकर पानी के बहाव को रोकने तथा कटान को और अधिक फैलने से सुरक्षित करने की कोशिशें तेजी से जारी हैं।
Location : Kushinagar
Published : 29 September 2026, 8:26 AM IST
Topics : Gandak river news Kushinagar Flood Narayani River breach NDRF rescue Kushinagar UP Flood News