कौशाम्बी के शिवाजी इंटर कॉलेज में छात्रों के प्रदर्शन पर डिप्टी सीएम का बड़ा एक्शन, तीन सदस्यीय कमेटी गठित

कौशाम्बी के नेवादा स्थित शिवाजी इंटर कॉलेज में बुनियादी सुविधाओं के अभाव को लेकर हुए छात्र प्रदर्शन पर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने सख्त रुख अपनाया है। उनके निर्देश पर प्रांतीय शिक्षा सेवा के तीन अधिकारियों की जांच कमेटी गठित की गई है और सरायअकिल थाने में एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

Updated : 3 October 2026, 10:54 AM IST
google-preferred

Kaushambi News: उत्तर प्रदेश के कौशाम्बी जिले के नेवादा स्थित शिवाजी इंटर कॉलेज में बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर छात्र-छात्राओं द्वारा किए गए उग्र प्रदर्शन का मामला तूल पकड़ गया है। इस पूरे घटनाक्रम का संज्ञान लेते हुए राज्य के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सख्त रुख अपनाया है। डिप्टी सीएम के कड़े निर्देशों के बाद शिक्षा विभाग और पुलिस प्रशासन दोनों हरकत में आ गए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए एक तरफ जहां तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन कर दिया गया है, वहीं दूसरी ओर स्थानीय थाने में एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।

बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर भड़का था छात्रों का गुस्सा

पूरा मामला एक अक्टूबर का है, जब नेवादा स्थित शिवाजी इंटर कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने कॉलेज परिसर में मूलभूत सुविधाओं के भारी अभाव के खिलाफ मोर्चा खोल दिया था। छात्र लंबे समय से विद्यालय में बुनियादी सुविधाओं को दुरुस्त करने की मांग कर रहे थे, लेकिन सुनवाई न होने पर उनका गुस्सा फूट पड़ा और उन्होंने धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। जब इस विरोध-प्रदर्शन की सूचना प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य तक पहुँची, तो उन्होंने इसे अत्यंत गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई के निर्देश जारी किए।

कमरा बंद, फोन बंद और सड़ा-गला शव: सोने की चेन लेने पहुंची महिला डॉक्टर की होटल में मिली लाश

प्रांतीय शिक्षा सेवा के तीन अधिकारियों की कमेटी करेगी निष्पक्ष जांच

उप मुख्यमंत्री कार्यालय से जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, घटना की जानकारी मिलते ही डिप्टी सीएम ने निदेशक माध्यमिक शिक्षा और कौशाम्बी के जिला विद्यालय निरीक्षक को त्वरित व विधिसम्मत कदम उठाने का निर्देश दिया था।

इस निर्देश के पालन में, जिला विद्यालय निरीक्षक ने नेवादा क्षेत्र से जुड़े संबंधित कार्मिकों की कार्यप्रणाली और इस पूरे घटनाक्रम की गहराई से जांच के लिए प्रांतीय शिक्षा सेवा के तीन वरिष्ठ अधिकारियों की एक विशेष समिति का गठन किया है। यह तीन सदस्यीय समिति कॉलेज में व्याप्त कमियों, छात्रों की शिकायतों और पूरे प्रकरण के हर पहलू की बारीकी से जांच करेगी और अपनी विस्तृत रिपोर्ट सौंपेगी। इसके अतिरिक्त, पुलिस प्रशासन स्तर पर भी त्वरित कदम उठाते हुए सरायअकिल थाने में सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है ताकि आगे की आवश्यक कानूनी प्रक्रिया को पूरा किया जा सके।

भविष्य के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं: डिप्टी सीएम

घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि छात्र-छात्राएं देश का भविष्य हैं और उनके उज्ज्वल भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ कतई स्वीकार नहीं किया जाएगा।

उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि विद्यालयों में आवश्यक बुनियादी सुविधाएं मुहैया कराने में यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही बरती गई या अपने दायित्वों के निर्वहन में चूक पाई गई, तो दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

कोल्हुई: मिनटों में तैयार हो रहे फर्जी दस्तावेज, कई ऑनलाइन सेंटरों पर उठे सवाल

अधिकारियों को दिए गए नियमित निगरानी के कड़े निर्देश

इस घटना से सबक लेते हुए उप मुख्यमंत्री ने प्रदेशभर के अधिकारियों को कड़ी हिदायत दी है। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि सभी अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि प्रदेश के सभी विद्यालयों में बुनियादी सुविधाओं की नियमित निगरानी और समय-समय पर निरीक्षण किया जाए।

इसके साथ ही, विद्यालयों में यदि किसी भी प्रकार की कमी या बुनियादी समस्या सामने आती है, तो उसका तत्काल संज्ञान लिया जाए और बिना किसी देरी के उसका प्रभावी निराकरण किया जाए ताकि भविष्य में छात्रों को इस तरह के प्रदर्शन के लिए मजबूर न होना पड़े।

Location :  Kaushambi

Published :  3 October 2026, 10:38 AM IST

Related News

Advertisement