
प्रेसवार्ता में सामने आया पूरा मामला (Source: Dynamite News)
Gorakhpur: गुम या चोरी हुआ मोबाइल अक्सर लोगों के लिए हमेशा के लिए खोई हुई चीज बन जाता है, लेकिन अब ऐसा नहीं है। गोरखपुर पुलिस ने तकनीक की मदद से ऐसे सैकड़ों मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिन्हें लोग शायद वापस मिलने की उम्मीद छोड़ चुके थे। CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल की मदद से पुलिस ने अभियान के 11वें चरण में 826 एंड्रॉयड मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
इन बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत 1 करोड़ 49 लाख 1 हजार 394 रुपये बताई गई है। पुलिस अब इन मोबाइल फोन को उनके वास्तविक मालिकों तक पहुंचाने की कार्रवाई कर रही है।
गोरखपुर पुलिस लाइन में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान एसपी सिटी निमिष पाटील ने मोबाइल बरामदगी अभियान की जानकारी दी। इस दौरान एएसपी अरुण कुमार एस भी मौजूद रहे।
एसपी सिटी ने बताया कि गोरखपुर पुलिस अब तक इस अभियान के 11 चरणों में कुल 3463 मोबाइल फोन बरामद कर चुकी है। इन मोबाइलों की कुल अनुमानित कीमत 5 करोड़ 98 लाख 36 हजार 978 रुपये है।
मोबाइल चोरी या गुम होने के बाद उसका IMEI नंबर और जरूरी जानकारी CEIR पोर्टल पर दर्ज कराना बेहद महत्वपूर्ण होता है। पुलिस के मुताबिक, जब कोई बंद पड़ा मोबाइल दोबारा किसी नेटवर्क पर सक्रिय होता है तो उसकी ट्रेसबिलिटी से जुड़ी जानकारी सामने आने लगती है।
इसी जानकारी के आधार पर पुलिस सक्रिय सिम नंबर और लोकेशन समेत अन्य तकनीकी विवरण जुटाती है। इसके बाद संबंधित व्यक्ति तक पहुंचकर मोबाइल बरामद करने की कार्रवाई की जाती है।
यानी जिस मोबाइल को लोग हमेशा के लिए खोया हुआ मान लेते हैं, वह दोबारा नेटवर्क से जुड़ते ही पुलिस के लिए सुराग बन सकता है।
गोरखपुर पुलिस का यह अभियान लगातार मजबूत होता गया। 4 सितंबर 2023 को पहले चरण में 4 मोबाइल बरामद किए गए थे। इसके बाद 18 नवंबर 2023 को 29, 24 जनवरी 2024 को 51 और 24 मार्च 2024 को 77 मोबाइल बरामद हुए।
17 मई 2024 को पुलिस ने 120 मोबाइल, 25 अगस्त को 267 और 28 अक्टूबर 2024 को 224 मोबाइल बरामद किए।
इसके बाद 12 मार्च 2025 को आठवें चरण में 260 मोबाइल, 13 सितंबर 2025 को नौवें चरण में 753 मोबाइल और 10 अप्रैल 2026 को दसवें चरण में 852 मोबाइल बरामद किए गए।
अब 11वें चरण में 826 मोबाइल की बरामदगी के साथ कुल संख्या 3463 पहुंच गई है।
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इस अभियान में थानों के CCTNS कार्यालयों में तैनात कंप्यूटर ऑपरेटर और ऑपरेटर चालक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। सीसीटीएनएस सेल के कंप्यूटर ऑपरेटर विकास कुमार और अजीत कुमार भी CEIR पोर्टल से संबंधित कार्रवाई की निगरानी कर रहे हैं।
पुलिस का कहना है कि गुम और चोरी हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। ऐसे में जिन लोगों का मोबाइल गुम या चोरी हुआ है, उनके लिए CEIR पोर्टल पर IMEI और जरूरी जानकारी दर्ज कराना काफी उपयोगी साबित हो सकता है।
Location : Gorakhpur
Published : 8 September 2026, 3:59 PM IST