क्या BJP के टिकट पर मैदान में उतरेंगे यूकेश सिंह? उमाशंकर सिंह के बेटे की एंट्री से सियासत गर्माई

बसपा विधायक स्वर्गीय उमाशंकर सिंह के निधन के बाद उनकी राजनीतिक विरासत को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। बसपा प्रमुख मायावती के बयान के बाद माना जा रहा है कि उनके पुत्र प्रिंस उर्फ यूकेश सिंह जल्द ही सक्रिय राजनीति में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं। यहां पढ़ें पूरी खबर।

Post Published By: Komal Chauhan
Updated : 7 August 2026, 3:59 PM IST
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Lucknow: भाजपा के एक वरिष्ठ नेता ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दावा किया था कि प्रिंस सिंह बसपा विधायक स्वर्गीय उमाशंकर सिंह के पुत्र भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ सकते हैं। हालांकि इस दावे पर यूकेश सिंह की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई थी। इसके बाद राजनीतिक हलकों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई थीं।

बसपा विधायक स्वर्गीय उमाशंकर सिंह के अस्वस्थ होने के बाद से ही उनके पुत्र प्रिंस उर्फ यूकेश सिंह विधानसभा क्षेत्र में लगातार सक्रिय थे। वे लोगों से मुलाकात कर क्षेत्र की समस्याओं को सुनते रहे और विभिन्न सामाजिक कार्यक्रमों में भी भाग लेते रहे। यूकेश सिंह छात्र शक्ति इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) भी हैं। ऐसे में संगठनात्मक और प्रबंधन का अनुभव भी उनके पास माना जाता है।

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मायावती के बयान से बढ़ी चर्चा

लखनऊ के गोमती नगर स्थित आवास पर शोक संवेदना व्यक्त करने पहुंचीं बसपा सुप्रीमो मायावती ने उमाशंकर सिंह को पार्टी का समर्पित और ईमानदार नेता बताया। उन्होंने कहा कि उमाशंकर सिंह बसपा के सच्चे सिपाही थे और हमेशा पूरी निष्ठा के साथ पार्टी के लिए काम करते रहे।

मायावती ने कहा कि यदि परिवार चाहे और यूकेश सिंह राजनीति में आगे आना चाहते हैं, तो पार्टी उन्हें पूरा सहयोग देगी। उनके इस बयान के बाद यूकेश सिंह के भविष्य को लेकर राजनीतिक चर्चाएं और तेज हो गई हैं।

उमाशंकर सिंह को किया याद

मायावती ने भावुक होते हुए कहा कि उमाशंकर सिंह उन्हें सगे भाई की तरह मानते थे। उन्होंने बताया कि बीमारी के दौरान वह उनसे मिलने गई थीं और बाद में उमाशंकर सिंह स्वयं भी उनसे मिलने पहुंचे थे। उनके निधन को बसपा के लिए बड़ी क्षति बताते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी हमेशा उनके योगदान को याद रखेगी।

उन्होंने यह भी कहा कि कठिन समय में जब कई नेता पार्टी छोड़कर चले गए, तब भी उमाशंकर सिंह ने कभी बसपा का साथ नहीं छोड़ा। उन्होंने हमेशा पार्टी, क्षेत्र और समाज के हित को प्राथमिकता दी।

राजनीतिक भविष्य पर बनी रहेगी नजर

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि मायावती के बयान के बाद यूकेश सिंह की सक्रिय राजनीति में एंट्री की संभावनाएं मजबूत हुई हैं। हालांकि अंतिम फैसला परिवार और पार्टी नेतृत्व के स्तर पर होगा। आने वाले समय में यह स्पष्ट होगा कि वह अपने पिता की राजनीतिक विरासत को किस रूप में आगे बढ़ाते हैं।

 

Location :  Lucknow

Published :  7 August 2026, 3:45 PM IST

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