बाप-बेटे ने गरीबों के नाम पर 1600 करोड़ का कर दिया फ्रॉड, जीजा का पता ही नहीं

कानपुर में फर्जी बैंक खातों के जरिए करोड़ों के लेनदेन का बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस ने महफूज के साले और उसके बेटे को गिरफ्तार किया है। मुख्य आरोपी अभी फरार है। गरीब लोगों के दस्तावेज लेकर फर्जी फर्म बनाकर 1600 करोड़ रुपये का खेल किया गया।

Post Published By: Nitin Parashar
Updated : 5 May 2026, 5:17 PM IST
google-preferred

Kanpur: चकेरी और जाजमऊ पुलिस ने एक बड़े बैंकिंग फ्रॉड का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पेंटर और कबाड़ी जैसे लोगों के आधार कार्ड लेकर उनके नाम पर बैंक खाते खुलवाए गए और इन खातों के जरिए करोड़ों रुपये का लेनदेन किया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान महफूज के साले महताब आलम और उसके बेटे मासूम के रूप में हुई है। दोनों लंबे समय से फरार चल रहे थे और पुलिस को इनकी तलाश थी।

1600 करोड़ के लेनदेन का मामला

जांच में सामने आया है कि इस पूरे गिरोह ने करीब 68 बैंक खातों के जरिए सवा दो साल में लगभग 1600 करोड़ रुपये का लेनदेन किया। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने लोगों को बहलाकर उनके दस्तावेज लिए और फिर उनके नाम पर फर्जी फर्म बनाकर बैंक खाते खुलवा दिए। इन खातों में बड़ी रकम का ट्रांजैक्शन किया गया, जबकि असली खाताधारकों को इसकी भनक तक नहीं थी।

बलरामपुर की बेटियों ने कानपुर में गाड़े सफलता के झंडे, केवीएस स्कूलों की राष्ट्रीय प्रतियोगिता में दिखाएंगी प्रतिभा

फर्जी फर्म बनाकर करोड़ों की हेराफेरी

पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि आरती इंटरप्राइजेज जैसी फर्जी फर्म के जरिए करीब 100 करोड़ रुपये का लेनदेन किया गया। वहीं, एक अन्य मामले में बीमा कराने का झांसा देकर दस्तावेज लेकर 64.44 करोड़ रुपये का ट्रांजैक्शन किया गया। पेंटर निखिल के नाम पर भी फर्जी फर्म बनाकर करोड़ों रुपये घुमाए गए।

पुलिस कार्रवाई और गिरफ्तारी

डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता के मुताबिक, महताब आलम को चकेरी पुलिस ने और उसके बेटे मासूम को जाजमऊ पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों ने गरीब और अनजान लोगों के बैंक खातों का इस्तेमाल अपने फायदे के लिए किया। जिन लोगों के नाम पर खाते खोले गए थे, उन्हें इसकी कोई जानकारी नहीं थी। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दोनों को गिरफ्तार किया।

बरगलाकर लिए दस्तावेज

जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी महफूज और उसके साथियों ने लोगों को अलग-अलग बहानों से फंसाया। किसी को बीमा कराने का लालच दिया गया, तो किसी को व्यापार बढ़ाने का झांसा दिया गया। इस तरह उनके दस्तावेज लेकर बैंक खाते खोले गए और फर्जी फर्म तैयार कर ली गई।

धमकी और जबरदस्ती का खेल

पीड़ितों ने आरोप लगाया है कि जब उन्होंने अपने दस्तावेज और बैंक से जुड़ी चीजें वापस मांगीं तो आरोपियों ने उन्हें धमकाया। कुछ मामलों में जबरन चेक पर साइन कराए गए और यहां तक कि एक नई कार भी हड़प ली गई। पीड़ितों को जान से मारने की धमकी भी दी गई।

फरार मुख्य आरोपी की तलाश जारी

इस पूरे मामले का मास्टरमाइंड महफूज अभी भी फरार है। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है। उसके खिलाफ कई मामले दर्ज हैं और पुलिस का कहना है कि जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

Location :  Kanpur

Published :  5 May 2026, 5:06 PM IST

Advertisement