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सत्यापन अभियान
Meerut : लोहियानगर थाना क्षेत्र में पुलिस और खुफिया विभाग की संयुक्त टीम ने अवैध झुग्गी-झोपड़ियों में रह रहे करीब 200 संदिग्ध परिवारों की जांच कर पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है। जवाहरनगर, घोसीपुर, जमनानगर और जाहिदपुर क्षेत्रों में देर रात से शुरू हुए इस अभियान में 800 से अधिक लोगों का सत्यापन किया गया।
जांच के दौरान अधिकांश लोगों ने खुद को असम के बारपेटा और कुछ ने पश्चिम बंगाल का निवासी बताया है। हालांकि, दस्तावेजों की जांच में सामने आया कि इनमें से सिर्फ 70 लोगों के पास ही आधार कार्ड मौजूद थे, जबकि बाकी के पास कोई वैध पहचान पत्र नहीं मिला। इस स्थिति ने पुलिस और खुफिया एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है।
प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि इन चारों स्थानों पर अलग-अलग लोगों से किराये पर जमीन लेकर झुग्गी बस्तियां बसाई गई हैं। यहां रह रहे अधिकतर लोग कबाड़ा बीनने का काम करते हैं और इसी से अपना जीवन यापन करते हैं। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि कहीं इनके पीछे कोई संगठित नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है।
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दिल्ली में अवैध प्रवासियों पर सख्ती के बाद इस तरह के मामलों को लेकर आशंका जताई जा रही है कि कुछ लोग असम और पश्चिम बंगाल के रास्ते मेरठ और आसपास के जिलों में शिफ्ट हो सकते हैं। हालांकि, अधिकारी अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचे हैं।
एसपी सिटी विनायक गोपाल भोसले ने बताया कि सभी संदिग्ध लोगों की पृष्ठभूमि की गहन जांच की जा रही है और किसी भी तरह की अवैध गतिविधि पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं डीएम डॉ. वीके सिंह ने कहा कि सत्यापन अभियान जारी है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
Location : Meerut
Published : 17 June 2026, 6:46 AM IST