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कोलकाता: सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) द्वारा नयी दिल्ली में केंद्र के खिलाफ विरोध कार्यक्रमों के जवाब में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के विधायकों ने सोमवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा में विरोध प्रदर्शन किया।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी के नेतृत्व में भाजपा विधायकों ने कुशासन और भ्रष्टाचार समेत विभिन्न मुद्दों पर राज्य सरकार के खिलाफ धरना दिया और नारे लगाए।
अधिकारी ने कहा, ‘‘तृणमूल सरकार न केवल अपने प्रशासनिक कर्तव्यों में विफल रही है, बल्कि भ्रष्टाचार में भी लिप्त है। सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भर्ती हो या मनरेगा निधि में इस्तेमाल में भ्रष्टाचार, सभी में तृणमूल के नेता लिप्त हैं। महात्मा गांधी के जन्मदिन पर, हमने तृणमूल के इस भ्रष्टाचार के खिलाफ विरोध करने का फैसला लिया है।’’
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए तृणमूल ने कहा कि भाजपा राष्ट्रीय राजधानी में पार्टी के बहुप्रतीक्षित विरोध कार्यक्रम से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है।
तृणमूल के प्रवक्ता ने कहा, ‘‘ट्रेन सेवा देने से इनकार करके, अभिषेक बनर्जी को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) समन जारी करके और उड़ानें रद्द करके हमें रोकने की कोशिश की गई। जब सब कुछ विफल हो गया, तो उन्होंने निराधार आरोपों के आधार पर ध्यान भटकाने वाली रणनीति का सहारा लिया है।’’
तृणमूल सांसद और राज्यमंत्री दो अक्टूबर को नयी दिल्ली में राजघाट पर शांतिपूर्वक तरीके से इकट्ठा होंगे, इसके बाद अगले दिन मनरेगा रोजगार कार्ड धारकों की एक शांतिपूर्ण रैली निकाली जाएगी।
केंद्र द्वारा बंगाल सरकार को मनरेगा और आवास योजना के लिए राशि जारी करने से कथित तौर पर इनकार करने के खिलाफ पूर्व निर्धारित विरोध प्रदर्शन से पहले तृणमूल के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी अन्य शीर्ष नेताओं के साथ दिल्ली पहुंचे।
इस कार्यक्रम में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल प्रमुख ममता बनर्जी को भी शामिल होना था, लेकिन घुटने में चोट लगने के बाद चिकित्सकों द्वारा 10 दिन के आराम की सलाह दिये जाने के चलते वह अब इसमें शामिल नहीं हो रही हैं।
Published : 2 October 2023, 4:55 PM IST
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