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बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण में 18 जिलों की 121 सीटों पर मतदान जारी है। सुबह 11 बजे तक औसतन 27.65 प्रतिशत वोटिंग दर्ज की गई है। मतदान केंद्रों पर मतदाताओं में जोश देखने को मिल रहा है। बेगूसराय में सबसे ज्यादा मतदान हुआ।
11 बजे तक का वोट प्रतिशत
Patna: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के पहले चरण में आज मतदान जारी है। सुबह 11 बजे तक राज्यभर में 27.65 प्रतिशत वोटिंग दर्ज की गई है। मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ था और यह शाम 6 बजे तक चलेगा। 18 जिलों की 121 सीटों पर वोट डाले जा रहे हैं, जहां लगभग 3 करोड़ 75 लाख मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं।
राज्य के विभिन्न जिलों में अलग-अलग मतदान प्रतिशत दर्ज किए गए हैं। बेगूसराय में 30.37%, लखीसराय में 30.32%, और गोपालगंज में 30.04% वोटिंग के साथ सबसे अधिक मतदान हुआ, जबकि पटना में सबसे कम 23.71% वोट पड़े। सहरसा (29.68%), मधेपुरा (28.46%) और वैशाली (28.67%) जिलों में भी मतदाताओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
सुबह 9 बजे तक बेगूसराय में 14.60%, भोजपुर में 13.11%, बक्सर में 13.28%, गोपालगंज में 13.97%, खगड़िया में 14.15%, दरभंगा में 12.48%, मधेपुरा में 13.74%, सहरसा में 15.27%, पटना में 11.2%, समस्तीपुर में 12.86%, शेखपुरा में 12.97% मुज़फ़्फ़रपुर में 14.38%, सारण में 13.3%, नालंदा में 12.45%, मुंगेर में 13.37%, वैशाली में 14.3%, सीवान में 13.35% जबकि लखीसराय में केवल 7% मतदान दर्ज किया गया।
वहीं नालंदा में औसतन 12.34% मतदान हुआ। विधानसभावार आंकड़ों के अनुसार-अस्थावां में 10.74%, बिहारशरीफ में 11.11%, राजगीर में 13.62%, इस्लामपुर में 12.34%, हिलसा में 13.02% और हरनौत में 12.97% वोटिंग हुई।
अब तक कई बड़े नेताओं ने वोट डाल दिया है। केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद, सीपीआई नेता कन्हैया कुमार, मंत्री श्रवण कुमार, और अन्य दिग्गज नेताओं ने मतदान कर लोकतंत्र के इस पर्व में अपनी भागीदारी निभाई। वहीं, राबड़ी देवी वोट डालने के बाद अपने दोनों बेटों तेजस्वी यादव और तेज प्रताप यादव को आशीर्वाद देती नजर आईं। उन्होंने कहा, “जनता इस बार बदलाव के मूड में है, दोनों बेटों को जनता का आशीर्वाद मिलेगा।”
हालांकि कुछ इलाकों में तकनीकी दिक्कतों के कारण वोटिंग प्रभावित रही। 10 जिलों में EVM खराब होने से मतदान अस्थायी रूप से रुका, जबकि वैशाली जिले में कुछ बूथों पर “वोट चोर” के नारे भी लगे। वोटिंग के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। राज्य निर्वाचन आयोग के मुताबिक, 8.5 लाख से अधिक कर्मचारी चुनाव प्रक्रिया में तैनात हैं। पुलिस और केंद्रीय बलों की विशेष टीम संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी कर रही है।
राजनीतिक रूप से यह चरण बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि इसमें कई बड़े नेताओं की प्रतिष्ठा दांव पर लगी है। जनता इस बार रोजगार, शिक्षा और महिला सुरक्षा जैसे मुद्दों को लेकर मतदान कर रही है। दूसरे चरण का मतदान 11 नवंबर को होगा और नतीजे 14 नवंबर को घोषित किए जाएंगे।
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