फतेहपुर में बारिश का कहर! भरभराकर गिरा कच्चा मकान, मलबे में दबी गृहस्थी; बाल-बाल बचा परिवार

फतेहपुर के विजयीपुर क्षेत्र के मनीपुर सेमरिया गांव में बुधवार को तेज बारिश के दौरान गरीब परिवार का कच्चा मकान भरभराकर गिर गया। हादसे के वक्त परिवार के सदस्य अंदर सो रहे थे, लेकिन समय रहते बाहर निकलने से उनकी जान बच गई। मकान के मलबे में गृहस्थी का सामान दब गया, जिससे हजारों रुपये के नुकसान की बात सामने आई है।

Post Published By: Asmita Patel
Updated : 2 September 2026, 3:07 PM IST
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Fatehpur: फतेहपुर के विजयीपुर इलाके में बुधवार को हुई तेज बारिश एक गरीब परिवार के लिए आफत बन गई। पहाड़पुर ग्राम पंचायत के मजरे मनीपुर सेमरिया गांव में बारिश के बीच एक कच्चा मकान अचानक भरभराकर गिर गया। मकान गिरते ही घर में रखा अनाज, कपड़े, बर्तन और दूसरी गृहस्थी का सामान मलबे के नीचे दब गया। गनीमत रही कि हादसे के वक्त परिवार के कुछ सदस्य मकान के अंदर सो रहे थे, लेकिन मिट्टी और दीवार गिरने की आहट मिलते ही सभी किसी तरह बाहर निकल आए। कुछ ही पलों की देरी होती तो हादसा जानलेवा हो सकता था।

बारिश के बीच अचानक गिरने लगा मकान

जानकारी के मुताबिक विजयीपुर विकासखंड क्षेत्र के पहाड़पुर ग्राम पंचायत के मजरे मनीपुर सेमरिया गांव में पंकज यादव पुत्र बाबू सिंह का कच्चा मकान था। बुधवार को क्षेत्र में लगातार तेज बारिश हो रही थी। बारिश के कारण मिट्टी से बना मकान पहले से कमजोर हो चुका था। बताया गया कि इसी दौरान मकान का एक हिस्सा अचानक गिरने लगा। परिवार के सदस्य उस समय घर के अंदर सो रहे थे। जैसे ही उन्हें मकान की दीवार और छत से मिट्टी गिरने का अहसास हुआ, परिवार के लोग घबराकर बाहर की ओर भागे।

कुछ सेकेंड की देरी और हो सकता था बड़ा हादसा

पंकज यादव ने बताया कि मकान गिरने के समय परिवार के कुछ सदस्य अंदर ही सो रहे थे। जैसे ही मिट्टी और मलबा गिरना शुरू हुआ, सभी लोग तत्काल बाहर निकल आए। परिवार के मुताबिक अगर बाहर निकलने में थोड़ी भी देर हो जाती तो कोई भी सदस्य मलबे के नीचे दब सकता था। हादसे में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है, लेकिन मकान गिरने के बाद परिवार के सामने रहने और गृहस्थी का सामान बचाने की बड़ी समस्या खड़ी हो गई है।

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मलबे में दब गई पूरी गृहस्थी

मकान गिरने के बाद परिवार को सबसे बड़ा नुकसान घर में रखे सामान का हुआ। मकान के अंदर रखा घरेलू सामान मलबे के नीचे दब गया। पीड़ित परिवार के मुताबिक हादसे में हजारों रुपये का नुकसान हुआ है। मलबे में क्या-क्या सामान दबा है, इसका पूरा आकलन अभी नहीं हो पाया है। बारिश के कारण मलबा और अधिक गीला हो गया है, जिससे सामान निकालना भी मुश्किल हो रहा है।

बारिश से कच्चे मकानों पर बढ़ा खतरा

क्षेत्रीय लेखपाल अर्जन कुमार बिंद ने बताया कि लगातार बारिश के कारण क्षेत्र में कच्चे मकान गिरने की घटनाएं बढ़ रही हैं। बारिश के चलते मिट्टी के मकानों की दीवारें कमजोर हो जाती हैं और उनके गिरने का खतरा बना रहता है। उन्होंने बताया कि मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया जाएगा। इसके बाद नुकसान से संबंधित रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी।

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प्रशासन के सामने मदद और सुरक्षित आवास की चुनौती

मकान गिरने के बाद पीड़ित परिवार के सामने सबसे बड़ी चुनौती अब रहने की है। अगर बारिश का सिलसिला जारी रहता है तो परिवार के लिए खुले में रहना भी मुश्किल होगा। ऐसे में प्रशासन की ओर से सिर्फ नुकसान का आकलन ही नहीं, बल्कि परिवार को तत्काल राहत और सुरक्षित स्थान उपलब्ध कराने की जरूरत भी सामने आती है। साथ ही अगर परिवार सरकारी आवास योजना के लिए पात्र है तो उसके मामले की भी जांच की जा सकती है।

Location :  Fatehpur

Published :  2 September 2026, 3:07 PM IST

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