समाजवादी पार्टी के नेता लौटन राम निषाद ने यूजीसी कानून को जरूरी बताते हुए कहा कि विश्वविद्यालयों में आज भी शोषण मौजूद है। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट पर भरोसा जताया और कहा कि यह कानून शिक्षा व्यवस्था में सुधार लाएगा।

Lucknow: समाजवादी पार्टी के फायर ब्रांड नेता लौटन राम निषाद ने यूजीसी कानून को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उन्हें इस पूरे मामले में सुप्रीम कोर्ट पर पूरा भरोसा है और न्यायपालिका ही इस मुद्दे पर अंतिम और सही निर्णय देगी।
लौटन राम निषाद ने कहा कि आज भी भारत के विश्वविद्यालयों में एकलव्य और द्रोणाचार्य जैसे हालात मौजूद हैं। उन्होंने इशारों में कहा कि शिक्षा संस्थानों में भेदभाव, पक्षपात और शोषण की प्रवृत्तियां अब भी देखने को मिलती हैं, जिन पर रोक लगाना बेहद जरूरी है।
सपा नेता ने कहा कि यूजीसी जैसा कानून इसलिए आवश्यक है ताकि विश्वविद्यालयों में हो रहे शोषण पर प्रभावी तरीके से अंकुश लगाया जा सके। उन्होंने कहा कि यह कानून शिक्षा व्यवस्था को पारदर्शी और न्यायपूर्ण बनाने की दिशा में अहम कदम है। लौटन राम निषाद ने दोहराया कि सुप्रीम कोर्ट इस मामले में सभी पहलुओं को देखते हुए ऐसा फैसला देगा, जिससे छात्रों, शोधार्थियों और शिक्षकों को न्याय मिल सके।
Lucknow: समाजवादी पार्टी के फायर ब्रांड नेता लौटन राम निषाद ने यूजीसी कानून को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उन्हें इस पूरे मामले में सुप्रीम कोर्ट पर पूरा भरोसा है और न्यायपालिका ही इस मुद्दे पर अंतिम और सही निर्णय देगी।
लौटन राम निषाद ने कहा कि आज भी भारत के विश्वविद्यालयों में एकलव्य और द्रोणाचार्य जैसे हालात मौजूद हैं। उन्होंने इशारों में कहा कि शिक्षा संस्थानों में भेदभाव, पक्षपात और शोषण की प्रवृत्तियां अब भी देखने को मिलती हैं, जिन पर रोक लगाना बेहद जरूरी है।
सपा नेता ने कहा कि यूजीसी जैसा कानून इसलिए आवश्यक है ताकि विश्वविद्यालयों में हो रहे शोषण पर प्रभावी तरीके से अंकुश लगाया जा सके। उन्होंने कहा कि यह कानून शिक्षा व्यवस्था को पारदर्शी और न्यायपूर्ण बनाने की दिशा में अहम कदम है। लौटन राम निषाद ने दोहराया कि सुप्रीम कोर्ट इस मामले में सभी पहलुओं को देखते हुए ऐसा फैसला देगा, जिससे छात्रों, शोधार्थियों और शिक्षकों को न्याय मिल सके।