रामनगर कॉर्बेट इलाके में महिलाओं को टूरिज्म से जोड़ने के लिए शुरू की गई जिप्सी ड्राइवर स्कीम का दूसरा फेज अधूरा है। 50 महिलाओं में से 25 को ट्रेनिंग मिल गई है, जबकि बाकी 25 का काम अभी बाकी है। लोकल नेताओं ने इस देरी पर सवाल उठाए हैं।

जिप्सी चालक योजना को बढ़ावा देने की मांग (Img: Google)
Nainital: नैनीताल जिले के रामनगर कॉर्बेट क्षेत्र में महिलाओं को पर्यटन आधारित रोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से शुरू की गई महिला जिप्सी ड्राइवर योजना एक बार फिर सुर्खियों में आ गई है। पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत के कार्यकाल में 50 स्थानीय महिलाओं को जीप चालक के रूप में प्रशिक्षण देकर उन्हें पर्यटन गतिविधियों में शामिल करने की घोषणा की गई थी।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, इसी पहल के तहत पिछले वर्ष 25 महिलाओं को प्रशिक्षित भी किया गया था, लेकिन योजना के दूसरे चरण में बाकी 25 महिलाओं का प्रशिक्षण अभी तक लंबित पड़ा है। इस देरी को लेकर अब स्थानीय स्तर पर सवाल उठने लगे हैं।
इसी मुद्दे को उठाते हुए पूर्व नगर अध्यक्ष और भाजपा नेता मदन जोशी ने वन मंत्री सुबोध उनियाल को एक पत्र सौंपकर बताया कि अधूरा प्रशिक्षण योजना की रफ्तार को प्रभावित कर रहा है। उनका कहना है कि जिन 25 महिलाओं का प्रशिक्षण शेष है, उसे बिना देरी पूरा कराया जाना चाहिए ताकि सभी महिलाओं को एक समान अवसर मिल सके।
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जोशी ने यह भी कहा कि यह योजना महिलाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खोलेगी और उन्हें पर्यटन क्षेत्र में सम्मानजनक भागीदारी का अवसर मिलेगा। उनके अनुसार, जिप्सी चालक के रूप में तैयार की जा रही महिलाओं को रोजगार से जोड़ने से उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति भी मजबूत होगी।
उन्होंने अपने पत्र में यह भी उल्लेख किया कि प्रारंभिक चरण में प्रशिक्षित 25 महिलाएं काम शुरू करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं, जबकि दूसरी बैच की महिलाओं को प्रशिक्षण न मिलने के कारण पूरी परियोजना की गति धीमी हो रही है।
इसी दौरान जोशी ने जिप्सी वाहनों के पीछे लगाए जाने वाले लगेज स्टैंड के मुद्दे को भी वन मंत्री के सामने उठाया। उनका तर्क था कि पर्यटन क्षेत्र में आने वाले यात्रियों की सुविधा और वाहन संचालन की सुगमता के लिए लगेज स्टैंड जरूरी हैं। उनका कहना था कि पहले से हटाए गए लगेज स्टैंड को फिर से लागू किया जाए ताकि पर्यटकों को बेहतर सुविधा मिल सके।
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वन मंत्री सुबोध उनियाल ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश देने की बात कही। उन्होंने आश्वासन दिया कि महिला जिप्सी चालक प्रशिक्षण योजना से जुड़ी लंबित प्रक्रियाएं जल्द पूरी की जाएंगी और महिलाओं से संबंधित अन्य मांगों पर भी सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा। मंत्री ने कहा कि सरकार की मंशा स्पष्ट है स्थानीय महिलाओं को अधिक से अधिक रोजगार उपलब्ध कराना और उन्हें पर्यटन क्षेत्र में सशक्त भूमिका देना।