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परिवार का हुआ अंतिम संस्कार
Nainital: उधमसिंह नगर के खटीमा क्षेत्र का अमाऊं गांव गुरुवार देर रात उस समय मातम में डूब गया, जब भवालीगांव सेनिटोरियम बाइपास पर हुए दर्दनाक सड़क हादसे में जान गंवाने वाले एक ही परिवार के चारों सदस्यों के पार्थिव शरीर गांव पहुंचे। घर के आंगन से लेकर पूरे मोहल्ले तक चीखें और रोते-बिलखते लोगों की आवाजें गूंजती रहीं। हर चेहरे पर अविश्वास और गहरे सदमे की छाप साफ दिखाई देती रही।
मृतक भूपेंद्र सिंह चुफाल लखनऊ की एक प्रतिष्ठित मल्टीनेशनल कंपनी में मैनेजर के रूप में कार्यरत थे। परिवार के साथ वे गुरुवार को भवाली क्षेत्र में स्थित अपने साले की कैंप साइट पर पहुंचने के लिए निकले थे। लेकिन भवालीगांव सेनिटोरियम बाइपास के मोड़ पर उनकी कार अनियंत्रित होकर गहरी खाई में गिर गई और मौके पर ही दिल दहला देने वाली त्रासदी में बदल गई।
इस हादसे में भूपेंद्र के साथ उनकी पत्नी सीमा, बेटा वासु और बेटी साक्षी की मौके पर ही मौत हो गई। देर रात जैसे ही चारों के शव अमाऊं गांव स्थित घर लाए गए, पूरा गांव शोक में डूब गया। मृतक की मां तुलसी देवी, बहनें कमला और उमा सहित परिवार के सभी लोग बेसुध होकर शवों से लिपटकर रोते रहे। गांव में ऐसा माहौल था कि वहां पहुंचने वाला हर व्यक्ति खुद को संभाल नहीं पा रहा था।
शुक्रवार सुबह चारों का अंतिम संस्कार बनबसा स्थित शारदा घाट पर किया गया। घाट पर एक साथ चार चिताएं जलते देख मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम हो गईं। अंतिम विदाई के दौरान पूरे क्षेत्र में गहरा सन्नाटा और शोक छाया रहा। भूपेंद्र के बहनोई वीरेंद्र सिंह रौतेला और सुनील सिंह ने परंपरा अनुसार मुखाग्नि देकर चारों को अंतिम विदाई दी।
दुर्घटना की खबर फैलते ही पूरे इलाके में दुख की लहर फैल गई है और लोग इस असहनीय क्षति पर परिवार के प्रति संवेदनाएं व्यक्त कर रहे हैं।
Location : Nainital
Published : 23 May 2026, 1:06 PM IST