जनपद में रविवार को दिन दुखद रहा। जिले में दो अलग-अलग हादसों में एक शख्स की मौत हो गई वहीं दो बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गए। इन हादसों ने प्रशासन के सड़क सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। आम जनता ने प्रशासन से सड़क हादसों पर रोक लगाने की मांग की है।

रायबरेली में सड़क हादसा
Raebareli: जनपद में रविवार को दिन दुखद रहा। जिले में दो अलग- अलग हादसों में एक शख्स की मौत हो गई वहीं दो बाइक सवार गंभीर रूप से घायल हो गए। पहली घटना जिले के खीरों थाना क्षेत्र में एक सड़क हादसे में बाइक सवार दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। उनकी बाइक एक मवेशी से टकरा गई। घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) खीरों में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
घायलों की पहचान उन्नाव जिले के कुतुबपुर बाबू खेड़ा गांव निवासी कुलदीप यादव (32 वर्ष) और अभिषेक (14 वर्ष) के रूप में हुई है। कुलदीप अपनी 4 वर्षीय बेटी इशू के जन्मदिन के लिए सामान खरीदने खीरों आ रहे थे। यह दुर्घटना दुबेनखेड़ा के पास हुई, जब उनकी बाइक अचानक एक मवेशी से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत 108 एंबुलेंस को सूचना दी।
मौके पर पहुंची एंबुलेंस ने दोनों घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खीरों पहुंचाया। सीएचसी में तैनात डॉक्टर राहुल घोष ने बताया कि दोनों घायलों का प्राथमिक उपचार जारी है और उनकी हालत पर नजर रखी जा रही है।
वहीं दूसरा हादसा उन्नाव के पुरवा थाना क्षेत्र में हुआ जिसमें मोटरसाइकिल सवार एक किसान की मौत हो गई। अज्ञात वाहन ने बाइक सवार को टक्कर मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। मृतक की पहचान 32 वर्षीय पवन के रूप में हुई है, जो हिम्मत खेड़ा, थाना पुरवा, जनपद उन्नाव के निवासी थे। वह बसंत के पुत्र थे। बताया जा रहा है कि पवन अपनी मोटरसाइकिल से कहीं जा रहे थे, तभी यह दुर्घटना हुई।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश कर रही है और मामले की जांच जारी है। जानकारी के अनुसार पवन खेती-किसानी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके परिवार में दो बेटियां और एक बेटा है। हादसे की खबर मिलते ही परिजनों में दुख का माहौल है।
रायबरेली में स्कूल वैन और क्रेटा कार की टक्कर, 9 बच्चे हुए घायल
इन हादसों ने प्रशासन के सड़क सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। आम जनता ने प्रशासन से सड़क हादसों पर रोक लगाने की मांग की है।