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Rampur: जौहर यूनिवर्सिटी के 38 भवनों के ध्वस्तीकरण के आदेश के खिलाफ चल रहा छात्र आंदोलन भले ही फिलहाल स्थगित हो गया हो, लेकिन पुलिस प्रशासन और खुफिया एजेंसियों की सतर्कता कम नहीं हुई है। यूनिवर्सिटी जाने वाले सभी प्रमुख मार्गों पर निगरानी बढ़ा दी गई है। वहीं, समाजवादी पार्टी के नेताओं और आजम खां समर्थकों का यूनिवर्सिटी पहुंचना लगातार जारी है, जिससे राजनीतिक गतिविधियां भी तेज हो गई हैं।
मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह के न्यायालय ने जौहर यूनिवर्सिटी के 38 भवनों के ध्वस्तीकरण के आदेश पर फिलहाल 3 अगस्त तक स्थगनादेश दे रखा है। इसके बाद छात्रों का धरना स्थगित कर दिया गया और यूनिवर्सिटी में सामान्य गतिविधियां फिर शुरू हो गई हैं। छात्र-छात्राओं का आवागमन भी पहले की तरह होने लगा है।
बुधवार को पीलीभीत की पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष एवं सपा नेत्री आरती महेंद्र अपने समर्थकों रामप्रताप गंगवार, विनोद वर्मा सहित अन्य कार्यकर्ताओं के साथ यूनिवर्सिटी पहुंचीं। इसके अलावा राज्य महिला आयोग की पूर्व सदस्य बेनजीर उमर, अनुराधा चौहान, तनवीर खान, शारिब खां और पूर्व मंत्री राधेश्याम चौहान ने भी यूनिवर्सिटी पहुंचकर पूर्व सांसद डॉ. तजीन फात्मा से मुलाकात की और समर्थन व्यक्त किया।
यूनिवर्सिटी परिसर में सपा जिलाध्यक्ष अजय सागर, पूर्व जिलाध्यक्ष ओमेंद्र सिंह चौहान, सतनाम सिंह मट्टू और अमरजीत सिंह भी मौजूद रहे। दोपहर बाद डॉ. तजीन फात्मा ने बाहर से आए नेताओं से मुलाकात कर वर्तमान हालात पर चर्चा की।
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हालांकि आंदोलन फिलहाल स्थगित है, लेकिन पुलिस प्रशासन किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह सतर्क है। यूनिवर्सिटी जाने वाले मार्गों पर बैरियर लगाए गए हैं। बाहर से आने वाले वाहनों की सघन जांच की जा रही है और नियमों का उल्लंघन करने वालों के चालान भी किए जा रहे हैं। यूनिवर्सिटी गेट के बाहर सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जा रही है, जबकि पर्याप्त पुलिस बल भी तैनात है।
पुलिस और खुफिया एजेंसियां यूनिवर्सिटी परिसर और आसपास की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। प्रशासन का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
Location : Rampur
Published : 30 July 2026, 11:56 AM IST