राम मंदिर चोरी केस में अब खुलने वाला है सबसे बड़ा राज, पुलिस पहुंची उस ठिकाने पर

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में मुख्य आरोपी अविनाश शुक्ला की 24 घंटे की पुलिस रिमांड के बाद जांच ने नया मोड़ ले लिया है। 20 लाख से ज्यादा नकदी, विदेशी मुद्रा, गहनों और राम राज्य कोष का संदूक मिलने के बाद अब पुलिस प्रतापगढ़ में उसके परिवार, भाइयों के नए मकानों और बैंक खातों तक जांच का दायरा बढ़ा रही है।

Post Published By: Nitin Parashar
Updated : 3 July 2026, 1:59 PM IST
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Ayodhya : राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी का मामला अब लगातार नए खुलासे कर रहा है। जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे इस पूरे नेटवर्क की परतें खुलती नजर आ रही हैं। मुख्य आरोपी अविनाश शुक्ला के घर से 20 लाख रुपये से अधिक की नकदी, विदेशी मुद्रा और सोने-चांदी के गहने मिलने के बाद पुलिस का शिकंजा और कस गया है। कोर्ट से 24 घंटे की पुलिस रिमांड मिलने के तुरंत बाद अयोध्या पुलिस उसे लेकर उसके पैतृक गांव प्रतापगढ़ पहुंची। जहां अब उसकी संपत्तियों, परिवार और कथित रूप से छिपाई गई रकम की गहन जांच की जा रही है।

मोबाइल चैट और रिमांड से मिले अहम सुराग

विशेष न्यायाधीश ने अविनाश शुक्ला को 24 घंटे की पुलिस रिमांड पर भेजा, जिसके बाद जांच टीम सीधे प्रतापगढ़ रवाना हो गई। पुलिस को आरोपियों के मोबाइल फोन से कई अहम डिजिटल सबूत मिले हैं। व्हाट्सएप चैट में कथित तौर पर चढ़ावे की रकम इधर-उधर करने और उसके बंटवारे को लेकर बातचीत सामने आई है। जांच एजेंसियां अब इन चैट के आधार पर पूरे नेटवर्क और उसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका खंगाल रही हैं।

20 लाख कैश, विदेशी मुद्रा और गहनों की बरामदगी

पुलिस के मुताबिक, अविनाश शुक्ला के पास से अब तक सबसे बड़ी बरामदगी हुई है। उसके कमरे से 20 लाख 39 हजार 220 रुपये नकद, 1121 अमेरिकी डॉलर, सोने-चांदी के गहने और "राम राज्य कोष" लिखा एक संदूक बरामद हुआ है। बताया जा रहा है कि अविनाश मंदिर में चढ़ावे की गिनती का काम करता था। पूछताछ में उसने यह भी संकेत दिए हैं कि कुछ रकम और जेवर दूसरी जगहों पर छिपाए गए हैं। अब पुलिस उसकी निशानदेही पर उन ठिकानों तक पहुंचने की तैयारी में है।

योग सेंटर से लेकर पैतृक गांव तक जांच

जांच में यह भी सामने आया है कि अविनाश अपने भाई के साथ अयोध्या के एक योग सेंटर में रहता था। वहीं रखे एक बड़े बक्से से काला बैग और राम राज्य कोष लिखा संदूक मिला था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वहां और किन लोगों का आना-जाना था तथा कथित चोरी की रकम का इस्तेमाल किस तरह किया गया।

भाइयों के नए मकान और बैंक खाते भी रडार पर

अविनाश के भाई का नोटों की गड्डियों के साथ वायरल वीडियो भी जांच का अहम हिस्सा बन गया है। पुलिस को शक है कि चोरी की रकम का बंटवारा कई लोगों तक हुआ हो सकता है। इसी वजह से अब उसके भाइयों के हाल में बने नए मकानों, बैंक खातों और आय के स्रोतों की भी जांच की जाएगी। प्रतापगढ़ पुलिस भी अयोध्या पुलिस को हर संभव सहयोग देने की बात कह रही है। आने वाले दिनों में इस मामले में कई और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

Location :  Ayodhya

Published :  3 July 2026, 1:59 PM IST

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