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योगी सरकार को शंकराचार्य की दो टूक (Img: AI)
Muzaffarnagar: जगदगुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती महाराज की गौ माता संरक्षण एवं धर्मरक्षा जन जागरण यात्रा रविवार को मुजफ्फरनगर जनपद पहुंची। जिले में अलग-अलग स्थानों पर यात्रा का जोरदार स्वागत किया गया। नगर के शिव चौक पर पहुंचने के बाद शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने मीडिया से बातचीत की और गौ माता संरक्षण, अयोध्या चढ़ावा विवाद तथा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को लेकर कई तीखे बयान दिए।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि उनकी यात्रा का मुख्य उद्देश्य गौ माता के प्राण और प्रतिष्ठा की रक्षा करना है। उन्होंने कहा कि देश के नेताओं ने जनता से वोट तो लिया, लेकिन 78 साल में भी गौ माता की रक्षा के लिए प्रभावी कानून नहीं बनाया गया। इसी निराशा के चलते वह इस यात्रा के माध्यम से उत्तर प्रदेश के मतदाताओं से संपर्क कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि यात्रा का लक्ष्य प्रदेश की सभी 403 विधानसभा क्षेत्रों में जाकर मतदाताओं को गौ माता के महत्व और उनके मतदान के दुरुपयोग को लेकर जागरूक करना है। उन्होंने दावा किया कि अब तक 250 विधानसभा क्षेत्रों में यात्रा पहुंच चुकी है और हर जगह भारी समर्थन मिल रहा है।
सीएम योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधते हुए स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि जो गौ माता को माता कहने के लिए तैयार नहीं है, वह हमारे किस काम का है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार यह मानती है कि गौ माता को राज्य माता घोषित करने की जरूरत नहीं है, तो हमें भी ऐसी सरकार की जरूरत नहीं है।
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उन्होंने महाराष्ट्र का उदाहरण देते हुए कहा कि जब एक मुख्यमंत्री गौ माता को राज्य माता घोषित कर सकता है, तो उत्तर प्रदेश में ऐसा क्यों नहीं हो सकता। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर योगी आदित्यनाथ के सामने ऐसी क्या मजबूरी है कि गौ माता को माता कहने में संकोच हो रहा है।
अयोध्या चढ़ावा विवाद पर बोलते हुए स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने आरोप लगाया कि अयोध्या में इस तरह के मामले कोई नई बात नहीं हैं। उन्होंने कहा कि जब यह मामला सामने आया था, तब जिम्मेदार लोगों की ओर से स्पष्ट प्रतिक्रिया नहीं आई। उन्होंने दावा किया कि इस मुद्दे पर गंभीरता दिखाने की जरूरत थी।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने शामली के कैराना का जिक्र करते हुए कहा कि यह क्षेत्र उत्तर प्रदेश सरकार के अधीन आता है। उन्होंने सवाल किया कि यदि प्रदेश में मजबूत सरकार है और कानून-व्यवस्था के लिए सख्त कार्रवाई की बात की जाती है, तो फिर गौ हत्या जैसी घटनाएं क्यों सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को इस पर जवाब देना चाहिए।
यात्रा को किसी राजनीतिक दल से जोड़ने के सवाल पर शंकराचार्य ने कहा कि समाजवादी पार्टी उनके पक्ष में नहीं चल रही है। उन्होंने कहा कि हर पार्टी में गौ भक्त हिंदू हो सकते हैं और उन्होंने सभी दलों के लोगों से इस यात्रा में शामिल होने का आह्वान किया है। उनके अनुसार, जो भी व्यक्ति यात्रा में आ रहा है, वह गौ भक्ति के कारण आ रहा है, किसी पार्टी के कारण नहीं।
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि 2027 में वह गौ माता की सरकार देखना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि अगला चुनाव बिजली, पानी, सड़क, जाति, बिरादरी या संप्रदाय के आधार पर नहीं, बल्कि गौ माता की रक्षा के मुद्दे पर होना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह चुनाव गौ रक्षकों और गौ हत्यारों के बीच वैचारिक संघर्ष के रूप में सामने आ सकता है।
शंकराचार्य ने कहा कि यात्रा 22 तारीख तक चलेगी। 23 तारीख को प्रतीक्षा की जाएगी और यदि 24 तारीख तक गौ माता को राज्य माता घोषित नहीं किया गया, तो 24 जुलाई को दोपहर 12 बजे मान्यवर कांशीराम मैदान से अगला कार्यक्रम घोषित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने की मांग पूरे देश से उठ रही है और इसे लेकर जनता में लगातार समर्थन बढ़ रहा है।
Location : Muzzaffarnagar
Published : 22 June 2026, 8:52 AM IST