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देवरिया के तरकुलवा थाना क्षेत्र में पुलिस ने पांच शातिर चोरों के गिरोह का पर्दाफाश किया है। आरोपी दिन में कबाड़ बीनने के बहाने रेकी करते और रात में चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। पुलिस ने उनके पास से बैटरी, टीवी, इनवर्टर और आभूषण समेत कई सामान बरामद किया है।
पुलिस की गिरफ्त में आरोपी
Deoria: उत्तर प्रदेश के देवरिया जनपद में तरकुलवा थाना पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए पांच शातिर चोरों के गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक नाबालिग समेत कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो लंबे समय से क्षेत्र में चोरी की घटनाओं को अंजाम दे रहे थे। इस कार्रवाई से इलाके में फैली दहशत पर काफी हद तक लगाम लगी है।
डाइनामाइट न्यूज़ संवददाता के अनुसार, पुलिस अधीक्षक संजीव सुमन के निर्देशन में चलाए जा रहे अपराध नियंत्रण अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। अपर पुलिस अधीक्षक आनन्द कुमार पाण्डेय और क्षेत्राधिकारी संजय कुमार रेड्डी की निगरानी में तरकुलवा पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर मलघोल विरैचा गांव के पास स्थित एक बाग से आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तारी के दौरान आरोपियों के पास से चोरी में इस्तेमाल होने वाले कई औजार बरामद किए गए, जिनमें प्लास, पेचकस, लोहे की छड़, रिंच और आरी शामिल हैं।
पूछताछ में आरोपियों ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि वे दिन में गांव-गांव घूमकर कबाड़ बीनने का काम करते थे और इसी दौरान सुनसान घरों या स्कूलों की रेकी करते थे। रात होते ही ये सभी एक साथ पहुंचकर ताला तोड़ते और चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। इसके बाद सामान बेचकर पैसे आपस में बांट लेते थे।
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पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर उनके ठिकानों से भारी मात्रा में चोरी का सामान बरामद किया। इसमें 5 बैटरियां, एक इनवर्टर, एक टुल्लू मोटर, 2 एलईडी टीवी, एक हैंडपंप, चांदी के आभूषण जैसे पायल, बिछिया और पाजेब शामिल हैं।
आरोपियों ने यह भी कबूल किया कि उन्होंने सोने के आभूषण और कुछ अन्य सामान एक स्थानीय व्यक्ति को लगभग 90 हजार रुपये में बेच दिए थे।
इस गिरोह ने फरवरी और मार्च 2026 में दो बड़ी चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया था। पहली घटना में एक महिला के घर से नकदी, जेवर और टीवी चोरी हुआ था, जबकि दूसरी घटना में एक स्कूल से बैटरी, मोटर और अन्य जरूरी सामान चुरा लिया गया था।
इन दोनों मामलों में पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की थी, जो अब इस गिरफ्तारी के साथ सुलझ गई है।
गिरफ्तार आरोपियों में से कुछ का आपराधिक इतिहास भी रहा है। खासकर उपेंद्र उर्फ गुच्चू और विशाल शाह के खिलाफ पहले भी कई चोरी के मामले दर्ज हैं। इससे साफ होता है कि यह गिरोह पेशेवर तरीके से अपराध को अंजाम दे रहा था।
पुलिस अब इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है। एक फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए भी टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।