Uttarakhand Weather Update: प्रदेश में खराब मौसम का कहर तीसरे दिन भी जारी, पर्वतीय क्षेत्रों में अंधड़-ओलावृष्टि से भारी नुकसान

उत्तराखंड में खराब मौसम का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। हालांकि मैदानी इलाकों में गर्मी से राहत मिली है। मौसम की ताजा अपडेट के लिए पढ़िए डाइनामाइट न्यूज़ की पूरी रिपोर्ट

Updated : 12 April 2025, 8:18 AM IST
google-preferred

देहरादून: उत्तराखंड में लगातार तीसरे दिन भी खराब मौसम का सिलसिला जारी रहा। राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में अंधड़ और ओलावृष्टि ने भारी तबाही मचाई है, जिससे कृषि और बागवानी को गहरा नुकसान पहुंचा है। कई स्थानों पर खड़ी फसलें बर्बाद हो गईं और फलदार वृक्ष क्षतिग्रस्त हो गए हैं।

बागेश्वर जिले के कपकोट क्षेत्र में आकाशीय बिजली गिरने से 27 बकरियों की मौत हो गई। वहीं, मुनस्यारी, गोपेश्वर, केदारनाथ और कर्णप्रयाग जैसे इलाकों में तेज बारिश और ओलावृष्टि के चलते जनजीवन प्रभावित हुआ है। हिमालय की ऊँचाई वाली चोटियों—नंदा देवी, नंदा कोट, पंचाचूली और राजरंभा में हिमपात भी दर्ज किया गया।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, भूस्खलन के कारण कई मार्ग क्षतिग्रस्त हो गए हैं जिससे आवाजाही में बाधा आ रही है। हालांकि, मैदानी इलाकों जैसे देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंहनगर आदि में बारिश के चलते तापमान में दो से चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई, जिससे उमसभरी गर्मी से लोगों को फौरी राहत मिली है।

मौसम विभाग ने शनिवार के लिए एक बार फिर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि उत्तरकाशी, चमोली, टिहरी, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, अल्मोड़ा और पिथौरागढ़ में ओलावृष्टि और 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। देहरादून, पौड़ी, नैनीताल और चंपावत में आकाशीय बिजली, तेज अंधड़ और ओलावृष्टि की चेतावनी दी गई है।

प्रशासन ने लोगों से सावधानी बरतने और आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलने की अपील की है। साथ ही, किसानों को सलाह दी गई है कि वे मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए फसल और पशुधन की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाएं।

Published : 
  • 12 April 2025, 8:18 AM IST

Advertisement
Advertisement