UP Crime: मां ने 23 दरिंदों की दरिंदगी की सुनाई दास्तां, आपबीती सुनकर कांप उठेगा कोई भी दिल

यूपी के वाराणसी में एक दर्दनाक मामला सामने आया है, जहां एक ग्रेजुएशन की छात्रा के साथ सात दिन में 23 लोगों ने बलात्कार किया। पीड़िता की मां द्वारा पुलिस को दी गई शिकायत सुनकर किसी की भी रूह कांप उठेगी। पढ़ें डाइनामाइट न्यूज़ की रिपोर्ट

Updated : 10 April 2025, 11:50 AM IST
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वाराणसी: उत्तर प्रदेश के वाराणसी जिले में एक छात्रा के साथ 7 दिन में 23 लोगों द्वारा बलात्कार की घटना ने समाज को झकझोर कर रख दिया है। यह घटना न केवल पीड़ित के लिए एक मानसिक आघात है, बल्कि यह हमारे समाज में महिलाओं के प्रति बढ़ते अपराधों और सुरक्षा की व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाती है।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, मां ने बताया कि उनकी बेटी ने 29 मार्च को काम पर जाने के बाद चार अप्रैल को घर लौटने में देरी की। आमतौर पर उनकी बेटी एक-दो दिन घर से बाहर रहती थी, लेकिन इस बार उसकी अनुपस्थिति ने परिवार को चिंतित कर दिया। जब बेटी चार अप्रैल को घर लौटी, तो वह बहुत डरी हुई थी। जब परिवार ने उससे पूछताछ की, तब उसने पूरी कहानी सुनाई।

जानिए, कैसे दरिंदों ने जघन्य वारदात को दिया अंजाम?

छात्रा ने बताया कि 29 मार्च को काम के बाद उसके दोस्त राज विश्वकर्मा ने उसे घुमाने के बहाने एक होटल में ले जाकर बलात्कार किया और उसका वीडियो बना लिया। इसके बाद, राज के साथियों ने उसे वहां रोक लिया और वीडियो वायरल करने की धमकी देकर बारी-बारी से बलात्कार किया। यह सोचकर ही दिल दहल जाता है कि ऐसी घटनाएं किस तरह से एक व्यक्ति को हैवान बना देती हैं।

आरोपियों ने न केवल पीड़िता के साथ क्रूरता की, बल्कि उसका मोबाइल भी छीन लिया ताकि वह मदद के लिए किसी को संपर्क न कर सके। उन लोगों ने पूरे दिन उसे उसी होटल में रखा। इसके बाद, अगले दिन उन्होंने अपने अन्य दोस्तों को बुलाकर उसे नशीला पदार्थ सुंघा दिया और एक गाड़ी में बैठाकर मलदहिया स्थित कांटिनेंटल कैफे ले गए, जहां उन्होंने उसे बेहोशी की हालत में बलात्कार का शिकार बनाया। इन लड़कों ने लगातार उसे धमकाया कि अगर उसने किसी को बताया, तो वे वीडियो सार्वजनिक कर देंगे।

तीन अप्रैल की रात, साजिद ने छात्रा को एक कार में भेज दिया, जहां पहले से मौजूद पांच से छह लड़कों ने चलती कार में उसके साथ बलात्कार किया। इसके बाद उसे सड़क पर फेंक दिया गया। जब छात्रा अपनी बदहवास हालत में घर पहुंची, तब परिवार ने थाने जाकर शिकायत दर्ज कराई। इस घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। हालांकि,  इस मामले में वाराणसी में तैनात अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (छावनी) विदुष सक्सेना ने बताया कि इस मामले में नौ लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस टीमें अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए तलाशी अभियान चला रही हैं।

यह घटना यह सवाल उठाती है कि आखिर ऐसे अपराधियों में यह कैसे हिम्मत आती है कि वे युवतियों की सुरक्षा को दरकिनार कर ऐसी नीचता पर उतर आते हैं। क्या सरकार और पुलिस प्रशासन इन जघन्य अपराधों को रोकने में सक्षम हैं? क्या ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे?

पुलिस ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन क्या इससे लड़कियों, महिलाओं को यह विश्वास मिलेगा कि वे सुरक्षित हैं? 

Published : 
  • 10 April 2025, 11:50 AM IST

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