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गोरखपुर: वर्ष 2009 में थाना शाहपुर क्षेत्र में हुए हत्याकांड में न्यायालय ने चार दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक पर 7500 रुपए का अर्थदंड भी लगाया है। यह फैसला अपर सत्र न्यायाधीश-4 गोरखपुर की अदालत ने सुनाया।
डाइनामाइट न्यूज संवाददाता के अनुसार, वर्ष 2009 में थाना शाहपुर में दर्ज हत्याकांड (एफआईआर संख्या 478/2009) में विजय कुमार उपाध्याय उर्फ पिंटू, मुरीस उर्फ बंटी उर्फ मनीष, सैफ अली और संजूम आरिफ को दोषी पाया गया। सभी आरोपियों पर भारतीय दंड संहिता की धारा 302, 201, 34 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
ऑपरेशन कनविक्शन की भूमिका
उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा चलाए जा रहे "ऑपरेशन कनविक्शन" अभियान के अंतर्गत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गोरखपुर डॉ. गौरव ग्रोवर के निर्देशन में शाहपुर थाना प्रभारी निरीक्षक नीरज कुमार राय एवं उनकी टीम की प्रभावी पैरवी के कारण दोषियों को सजा मिली। अपर सत्र न्यायाधीश-4, जनपद गोरखपुर ने चारों आरोपियों को हत्या का दोषी पाते हुए आजीवन कारावास एवं 7500 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
अभियुक्तों के नाम व पते
विजय कुमार उपाध्याय उर्फ पिंटू सिडिया कुआ, थाना शाहपुर, गोरखपुर का रहने वाला है। मुरीस उर्फ बंटी उर्फ मनीष – निवासी पादरी बाजार, थाना शाहपुर, गोरखपुर का रहने वाला है। सैफ अली घोषीपुरवा, थाना शाहपुर, गोरखपुर का रहने वाला है और संजूम आरिफ – निवासी सरस्वती पुरम, जेल रोड, पादरी बाजार बाईपास, थाना शाहपुर, गोरखपुर का रहने वाला है।
अभियोजन पक्ष की भूमिका
अभियोजन पक्ष की ओर से एडीजीसी श्री बृजेश कुमार सिंह व एडीजीसी श्री संजीत कुमार साही ने प्रभावी पैरवी की, जिसके कारण अभियुक्तों को सजा मिल सकी। इस निर्णय के बाद पुलिस प्रशासन ने संतोष व्यक्त किया तथा अपराध के विरुद्ध कठोर कार्रवाई जारी रखने का संकल्प दोहराया।
Published : 26 March 2025, 8:54 PM IST
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