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गुवाहाटी: असम पुलिस ने भारत में प्रवेश करने वाले रोहिंग्याओं और बांग्लादेशियों के लिए फर्जी नागरिकता दस्तावेजों की व्यवस्था करने के आरोप में दो बांग्लादेशी नागरिकों समेत आठ लोगों को गिरफ्तार किया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को यहां यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि असम पुलिस के विशेष कार्यबल (एसटीएफ) के दलों ने त्रिपुरा के विभिन्न जिलों में ये गिरफ्तारियां कीं।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, एसटीएफ के उपमहानिरीक्षक सारथी महंत ने कहा, “भारत में अवैध रूप से प्रवेश करने वाले रोहिंग्याओं की मदद करने वाले दलालों के खिलाफ अभियान शुरू करने के मुख्यमंत्री के निर्देश के अनुसार, हमारी पांच टीम त्रिपुरा के विभिन्न सीमावर्ती जिलों में भेजी गईं।”
उन्होंने कहा कि दलों का नेतृत्व अतिरिक्त या उप पुलिस अधीक्षक स्तर के अधिकारी कर रहे थे।
डीआईजी ने कहा कि अभियान के दौरान आठ लोगों को गिरफ्तार किया गया। इनमें से दो बांग्लादेश जबकि शेष त्रिपुरा से हैं।
महंत ने कहा कि दलाल रोहिंग्याओं और बांग्लादेशियों को भारतीय नागरिक साबित करने के लिए उनके लिए फर्जी पहचान और यात्रा दस्तावेज हासिल करते थे और फिर उन्हें देश के विभिन्न हिस्सों में ट्रेनों में सवार होने में मदद करते थे।
अधिकारी ने कहा, “वे त्रिपुरा के धर्मनगर व कुमारघाट और असम के बदरपुर से कोलकाता/दिल्ली/हैदराबाद/बेंगलुरु जाने वाली ट्रेनों में सवार होने में अवैध अप्रवासियों की मदद करते थे।”
उन्होंने कहा, “यह राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा है। इससे आंतरिक अशांति पैदा हो सकती है, जिसके चलते देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता के सामने खतरा उत्पन्न हो सकता है।”
Published : 31 July 2023, 7:06 PM IST
Topics : Bangladeshi India Rohingya Touts अवैध गिरफ्तार पुलिस बांग्लादेशी भारत रोहिंग्या