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दिलीप ट्रॉफी फाइनल (Img: X)
New Delhi: दलीप ट्रॉफी 2026 के फाइनल मुकाबले में साउथ जोन की टीम को धीमी ओवर गति भारी पड़ गई। चेन्नई के एम. ए. चिदंबरम स्टेडियम में खेले जा रहे मुकाबले के पांचवें दिन अंपायरों ने स्लो ओवर रेट के कारण साउथ जोन के खिलाफ कार्रवाई की। नियमों के तहत ईस्ट जोन के खाते में 5 पेनल्टी रन जोड़ दिए गए। इससे मुकाबले में ईस्ट जोन को अतिरिक्त बढ़त मिली।
फाइनल मुकाबले के दौरान साउथ जोन की टीम निर्धारित समय में अपने ओवर पूरे करने में लगातार पीछे चल रही थी। टीम को पहली पारी के दौरान भी धीमी ओवर गति को लेकर कई बार चेतावनी दी गई थी। इसके बावजूद टीम की गेंदबाजी की गति में अपेक्षित सुधार नहीं आया। पांचवें दिन भी यही स्थिति बनी रही। लगातार चेतावनियों के बाद अंपायरों ने नियमों के तहत सख्त कदम उठाने का फैसला किया।
मुकाबले के पांचवें दिन सुबह के सत्र में ऑन-फील्ड अंपायरों ने साउथ जोन के कप्तान तिलक वर्मा को अंतिम चेतावनी दी। अंपायरों ने टीम को समय के हिसाब से ओवर पूरे करने के लिए कहा। हालांकि, अंतिम चेतावनी के बाद भी टीम की ओवर गति में खास सुधार नहीं हुआ। सुबह के सत्र में दो ओवर और निकल जाने के बाद भी साउथ जोन की टीम निर्धारित समय से काफी पीछे थी।
जब साउथ जोन की टीम निर्धारित समय के अनुसार ओवर पूरे नहीं कर सकी तो अंपायरों ने मुकाबले को रोककर नियमों के तहत कार्रवाई की। इसके बाद ईस्ट जोन के स्कोर में सीधे 5 पेनल्टी रन जोड़ दिए गए। ये रन ईस्ट जोन को बिना कोई अतिरिक्त गेंद खेले मिले। स्लो ओवर रेट के कारण मिलने वाले इस दंड ने साउथ जोन के लिए मुश्किलें बढ़ा दीं। वहीं, ईस्ट जोन को इसका सीधा फायदा मिला।
फाइनल मुकाबले में ईस्ट जोन की टीम पहले से ही मजबूत स्थिति में बताई जा रही है। टीम की कप्तानी ईशान किशन कर रहे हैं। मुकाबले के दौरान ईस्ट जोन ने साउथ जोन पर दबाव बनाए रखा है। पांचवें दिन मिले 5 अतिरिक्त रन उसके लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकते हैं। फाइनल जैसे बड़े मुकाबले में एक-एक रन का महत्व होता है। ऐसे में पेनल्टी के तौर पर मिले इन पांच रनों से ईस्ट जोन को मनोवैज्ञानिक बढ़त भी मिल सकती है।
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क्रिकेट में निर्धारित समय के भीतर गेंदबाजी करने वाली टीम को तय संख्या में ओवर पूरे करने होते हैं। अगर टीम लगातार समय से पीछे रहती है और अंपायर की चेतावनी के बाद भी स्थिति में सुधार नहीं होता, तो नियमों के तहत दंड दिया जा सकता है।
साउथ जोन के मामले में भी पहले चेतावनी दी गई और बाद में अंतिम चेतावनी के बावजूद ओवर गति में सुधार नहीं हुआ। इसके बाद अंपायरों ने ईस्ट जोन को 5 पेनल्टी रन देने का फैसला किया।
दलीप ट्रॉफी के इस फाइनल में अब साउथ जोन के सामने न केवल मैच में वापसी की चुनौती है, बल्कि टीम को आगे की गेंदबाजी में समय का भी विशेष ध्यान रखना होगा। वहीं ईस्ट जोन इस अतिरिक्त लाभ के साथ अपनी मजबूत स्थिति को और बेहतर करने की कोशिश करेगा।
Location : New Delhi
Published : 10 September 2026, 3:29 PM IST