हिंदी
महंगाई के दौर में स्मार्ट किचन मैनेजमेंट (Img- Pinterest)
New Delhi: हर घर के बजट में रसोई का खर्च सबसे मुख्य होता है और रसोई का सबसे जरूरी हिस्सा है एलपीजी गैस सिलेंडर। जैसे-जैसे सिलेंडर के दाम बढ़ रहे हैं, हर महीने नया सिलेंडर भरवाना आम आदमी की जेब पर भारी पड़ रहा है।
अक्सर लोग सोचते हैं कि खाना पकाने में गैस का खर्च तो होना ही है, लेकिन बहुत कम लोग यह जानते हैं कि हमारी रसोई की कुछ छोटी-छोटी लापरवाही ही गैस को तेजी से खत्म करती है। यदि खाना बनाते समय कुछ बेसिक बातों का ध्यान रखा जाए, तो सिलेंडर को लंबे समय तक चलाया जा सकता है।
अगर आपके गैस चूल्हे का बर्नर गंदा है या उसमें कालिख जमा है, तो गैस पूरी क्षमता से नहीं जलती। बर्नर के बंद छेद से नीला धुंआ निकलने के बजाय पीली लौ निकलती है, जो इस बात का संकेत है कि गैस बेकार बह रही है। इसे हफ्ते में एक बार जरूर साफ करें।
इसके अलावा, कई लोग समय बचाने के चक्कर में तेज आंच पर खाना पकाते हैं। यह एक बड़ी गलतफहमी है। तेज आंच से गर्मी बर्तन से बाहर निकलकर बर्बाद होती है, जबकि धीमी या मध्यम आंच पर पकाने से बर्तन पूरी गर्मी सोखता है और खाना भी सही से पकता है।
रसोई में सही बर्तन का चुनाव गैस बचाने में जादू की तरह काम करता है। हमेशा समतल (फ्लैट) तली वाले बर्तन का इस्तेमाल करें ताकि बर्नर की आंच पूरी सतह पर समान रूप से लगे। कभी भी छोटे बर्तन को बड़े बर्नर पर न रखें।
इसके अलावा, ढक्कन ढककर खाना पकाने और खुली कड़ाही के बजाय प्रेशर कुकर का इस्तेमाल करने से समय और गैस दोनों की भारी बचत होती है। एक्सपर्ट्स के अनुसार, कुकर के सही इस्तेमाल से करीब 30 से 50 प्रतिशत तक LPG बचाई जा सकती है।
कई बार सिलेंडर जल्दी खत्म होने की वजह खाना बनाना नहीं, बल्कि पाइप या रेगुलेटर से होने वाला बेहद सूक्ष्म (साइलेंट) लीकेज होता है। रबड़ की पाइप में पड़ी छोटी सी दरार भी 24 घंटे गैस लीक करती रहती है, जिससे न सिर्फ नुकसान होता है बल्कि दुर्घटना का भी खतरा बना रहता है।
ननद-भाभी के रिश्ते में कभी नहीं आएगी खटास: बस आजमाएं ये 5 आसान और असरदार टिप्स
इसलिए समय-समय पर साबुन के पानी का घोल लगाकर लीकेज जरूर चेक करें और खाना बनने के बाद रेगुलेटर को बंद करना न भूलें। इन आसान किचन हैक्स को अपनाकर आप हर महीने सिलेंडर के खर्च में तगड़ी कटौती कर सकते हैं।
Location : New Delhi
Published : 5 October 2026, 1:20 PM IST