हिंदी
प्रतीकात्मक छवि (Source: Pinterest)
Lucknow: आम आदमी की रसोई पर महंगाई का एक और झटका लगा है। उत्तर प्रदेश में चीनी की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं और करीब आठ दशक के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं। प्रदेश की 19 चीनी मिलों की ओर से लगातार बढ़ाए जा रहे दाम का असर अब खुदरा बाजार में भी दिखाई देने लगा है। बुधवार को अलीगढ़ में चीनी का भाव 61 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया।
पिछले डेढ़ महीने में चीनी के दाम में करीब 17 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी हो चुकी है। पिछले एक पखवाड़े से कीमत लगभग रोजाना एक से दो रुपये बढ़ने की बात सामने आ रही है।
थोक बाजार के आंकड़ों के मुताबिक, एक जुलाई को चीनी करीब 44 रुपये प्रति किलो थी। एक अगस्त तक इसका भाव बढ़कर 50 रुपये किलो हो गया और 19 अगस्त को यह 61 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गया।
| तारीख | चीनी का भाव |
|---|---|
| 1 जुलाई | 44 रुपये/kg |
| 1 अगस्त | 50 रुपये/kg |
| 19 अगस्त | 61 रुपये/kg |
अलीगढ़ जिले में चीनी की खपत करीब 1,250 क्विंटल प्रतिदिन बताई जा रही है। ऐसे में कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी का सीधा असर दुकानदारों से लेकर आम उपभोक्ताओं तक पहुंच रहा है।
थोक कारोबारियों के अनुसार चीनी की कीमतों में बढ़ोतरी की एक प्रमुख वजह गन्ने से अधिक मात्रा में एथनॉल का उत्पादन होना है। चीनी मिलों में एथनॉल उत्पादन बढ़ने से चीनी के उत्पादन के लिए उपलब्ध गन्ने की मात्रा प्रभावित हुई और बाजार में चीनी की आपूर्ति पर दबाव बढ़ा।
वहीं सावन और त्योहारी सीजन में मिठाइयों और अन्य खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ने से भी चीनी की मांग में इजाफा हुआ है।
कुछ व्यापारियों का अनुमान है कि अगर कीमतों में इसी तरह तेजी जारी रही तो आने वाले दिनों में चीनी का भाव 80 रुपये प्रति किलो तक पहुंच सकता है। हालांकि, यह केवल व्यापारियों का अनुमान है और वास्तविक कीमत बाजार की आपूर्ति, मांग तथा सरकारी नीतियों पर निर्भर करेगी।
केंद्र सरकार घरेलू आपूर्ति बढ़ाने और कीमतों को नियंत्रित करने के लिए अक्टूबर से एथनॉल उत्पादन में गन्ने के इस्तेमाल को सीमित करने पर विचार कर रही है। इससे चीनी की उपलब्धता बढ़ने और कीमतों पर दबाव कम होने की उम्मीद जताई जा रही है।
चीनी के रोजाना बढ़ते दामों को लेकर बाजार में दुकानदारों और ग्राहकों के बीच बहस की स्थिति भी बन रही है। खुदरा व्यापारियों का कहना है कि ग्राहकों को बढ़ी हुई कीमत समझाना मुश्किल हो रहा है।
एक ओर व्यापारी बिक्री और लागत को लेकर परेशान हैं, वहीं दूसरी तरफ आम परिवारों के बजट पर भी इसका असर पड़ रहा है। चाय से लेकर मिठाई और घरेलू पकवानों तक, चीनी की बढ़ी कीमत का असर अब रोजमर्रा की जिंदगी में दिखाई देने लगा है।
Location : Lucknow
Published : 20 August 2026, 3:21 PM IST
Topics : Inflation News Sugar Price Uttar Pradesh News