CBI का बड़ा खुलासा: विदेशी नौकरी का झांसा देकर युवाओं की तस्करी, बनाते थे साइबर गुलाम, क्रिप्टो से लेन-देन और काल खेल

विदेशी नौकरी का झांसा देकर युवाओं की तस्करी करने और इन युवकों को साइबर गुलाम बनाने के एक बड़े मामले का सीबीआई ने खुलासा किया है। इस पूरे खेल में क्रिप्टोकरेंसी से लेन-देन होता था।

Post Published By: Nidhi Kushwaha
Updated : 19 August 2026, 6:14 PM IST
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New Delhi: केंद्रीय जांच एजेंसी (सीबीआई) ने विदेशी नौकरी का झांसा देकर युवाओं की तस्करी करने और विदेश भेजकर युवकों को साइबर गुलाम बनाने के एक बड़े मामले का भंडाफोड़ किया है। साइबर गुलामी और मानव तस्करी नेटवर्क का भंडाफोड़ करने के साथ ही सीबीआई ने इस मामले में एक आरोपी को हिसार से गिरफ्तार किया है।

भारतीय नागरिकों को ऐसे बनाते थे निशाना

जानकारी के अनुसार, यह लोग विदेशों में अच्छी नौकरी का झांसा देकर भारतीय नागरिकों की तस्करी करते थे और उन्हें दक्षिण-पूर्व एशिया में चल रहे स्कैम सेंटर्स (धोखाधड़ी के अड्डों) तक पहुंचाते थे। यह जांच एजेंटों और मदद करने वालों के एक ऐसे आपराधिक नेटवर्क से जुड़ी है जो दक्षिण-पूर्व एशिया के देशों में आकर्षक नौकरियों का वादा करके भारतीय नागरिकों को भर्ती करते थे।

इसके बाद पीड़ितों को मुख्य रूप से म्यांमार और कंबोडिया में स्थित स्कैम सेंटर्स में ले जाया जाता था, जहां उन्हें "साइबर गुलामी" जैसी स्थितियों का सामना करना पड़ता था।

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आरोपी से जांच में हुआ खुलासा

जांच में पता चला कि गिरफ्तार आरोपी ने 2025 में हिसार इलाके से कम से कम 4 लोगों को स्कैम सेंटर्स भेजा था और उन पीड़ितों के बयानों से धोखाधड़ी और शोषण का एक परेशान करने वाला पैटर्न सामने आया है। उनमें से कुछ को इन स्कैम सेंटर्स से घर लौटने के लिए मोटी रकम चुकानी पड़ी या वहां से निकलने और वापस आने के लिए किसी दूसरे व्यक्ति को वहां फंसाकर भेजना पड़ा। जब्त किए गए मोबाइल डिवाइस से ऐसे सबूत मिले हैं जिनसे म्यांमार और कंबोडिया में स्कैम सेंटर्स चलाने वालों के साथ उसके गठजोड़ का पता चलता है।

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क्रिप्टोकरेंसी से जुड़े कई लेन-देन की भी जांच की जा रही है, जो स्कैम सेंटर चलाने वालों द्वारा एजेंट को दिए गए कमीशन का हिस्सा हो सकते हैं। आरोपी ने यह भी बताया है कि वह पीड़ितों को लुभाने के लिए इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया नेटवर्क पर विज्ञापन देता था और बातचीत के लिए टेलीग्राम जैसे मैसेजिंग ऐप का इस्तेमाल करता था।

इससे पहले, मई और जून 2026 में, CBI ने इसी जांच के तहत चार राज्यों में आठ जगहों पर एक साथ छापेमारी की थी और तस्करी नेटवर्क में शामिल तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था।

Location :  New Delhi

Published :  19 August 2026, 5:29 PM IST

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