
Gorakhpur: गोरखपुर जनपद में कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर रखा है। ऐसे समय में जहां कई जगहों पर राहत के इंतजाम नाकाफी नजर आ रहे हैं, वहीं ग्राम पंचायत सतुआभार से मानवता की एक प्रेरणादायक मिसाल सामने आई है। समाजसेवियों ने आगे बढ़कर जरूरतमंदों के लिए निःशुल्क अलाव की व्यवस्था की।
ग्राम पंचायत सतुआभार के प्रथम ग्राम प्रधान स्वर्गीय राम-रामदुलार दुबे की बहू मूराती देवी के सुपुत्र, स्वर्गीय राम उजागीर धर दुबे की सामाजिक सोच को उनके पुत्रों ने जीवित रखा। उनके पुत्र गदाधर द्विवेदी, रामनिधि धर दुबे और करुणानिधि धर दुबे ने भीषण ठंड को देखते हुए गांव के प्रमुख चौराहों और सार्वजनिक स्थलों पर अलाव जलवाए।
इस पहल से गरीबों, मजदूरों, बुजुर्गों और राहगीरों को ठंड से राहत मिली। ठिठुरती रातों में जलते अलाव ग्रामीणों के लिए संजीवनी साबित हुए। इस सेवा कार्य में परिवार के वरिष्ठ सदस्यों और अश्वनी उर्फ गुड्डू दुबे की सक्रिय भूमिका भी सराहनीय रही।
Gorakhpur: गोरखपुर जनपद में कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर रखा है। ऐसे समय में जहां कई जगहों पर राहत के इंतजाम नाकाफी नजर आ रहे हैं, वहीं ग्राम पंचायत सतुआभार से मानवता की एक प्रेरणादायक मिसाल सामने आई है। समाजसेवियों ने आगे बढ़कर जरूरतमंदों के लिए निःशुल्क अलाव की व्यवस्था की।
ग्राम पंचायत सतुआभार के प्रथम ग्राम प्रधान स्वर्गीय राम-रामदुलार दुबे की बहू मूराती देवी के सुपुत्र, स्वर्गीय राम उजागीर धर दुबे की सामाजिक सोच को उनके पुत्रों ने जीवित रखा। उनके पुत्र गदाधर द्विवेदी, रामनिधि धर दुबे और करुणानिधि धर दुबे ने भीषण ठंड को देखते हुए गांव के प्रमुख चौराहों और सार्वजनिक स्थलों पर अलाव जलवाए।
इस पहल से गरीबों, मजदूरों, बुजुर्गों और राहगीरों को ठंड से राहत मिली। ठिठुरती रातों में जलते अलाव ग्रामीणों के लिए संजीवनी साबित हुए। इस सेवा कार्य में परिवार के वरिष्ठ सदस्यों और अश्वनी उर्फ गुड्डू दुबे की सक्रिय भूमिका भी सराहनीय रही।
Location : Gorakhpur
Published : 27 December 2025, 5:21 PM IST