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हिंदू रक्षा सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष और वरिष्ठ महामंडलेश्वर प्रबोधानंद गिरि
हरिद्वार: बंगाल में हिंदुओं के खिलाफ हो रही हिंसा को लेकर मामला अभी थमा नहीं है। अभी भी बंगाल में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार को लेकर हरिद्वार में आक्रोश जारी है। जहां इसी कड़ी में फिर एक बार पवित्र नगरी हरिद्वार में सामाजिक चेतना और धार्मिक एकता का प्रतीक बनकर उभरी है।
देशभर के संतों और महात्माओं ने पश्चिम बंगाल में हिंदू समुदाय के खिलाफ लगातार हो रही हिंसा पर कड़ा विरोध जताया है। वही संत समुदाय ने भी इस स्थिति की तुलना बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों से की है और इसे गंभीर और बेहद चिंताजनक बताया है।
डायनामाइट न्यूज संवाददाता के अनुसार, हिंदू रक्षा सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष और वरिष्ठ महामंडलेश्वर प्रबोधानंद गिरि ने कहा कि, "बंगाल में हिंदू समुदाय असुरक्षित महसूस कर रहा है। राज्य सरकार चुप बैठी हुई है और स्थिति दिन-ब-दिन खराब होती जा रही है।
अब समय आ गया है कि केंद्र सरकार हस्तक्षेप करे।" उन्होंने केंद्र से पश्चिम बंगाल में केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती करने की अपील की है, ताकि वहां रहने वाले हिंदुओं की सुरक्षा हो सके।
हरिद्वार में आयोजित संतों की विशेष बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि यदि केंद्र सरकार जल्द ही कोई कार्रवाई नहीं करती है तो संत समाज देशभर में जागरूकता अभियान और शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शनों की श्रृंखला शुरू करेगा। संतों का कहना है कि अब समय आ गया है जब सरकार को महज बयानबाजी से आगे बढ़कर ठोस कदम उठाने होंगे।
संत समाज ने केंद्र सरकार से विशेष जांच आयोग के गठन की मांग की है, जो हिंसा की घटनाओं की निष्पक्ष जांच करेगा और दोषियों को कड़ी सजा देगा। वहीं, महामंडलेश्वर प्रमोद आनंद गिरि ने राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग की और कहा कि "ममता बनर्जी की सरकार हिंदुओं की रक्षा करने में विफल रही है।" अब पूरे देश की निगाहें केंद्र सरकार पर टिकी हैं - क्या वह संत समुदाय की इस चेतावनी को गंभीरता से लेगी?
Location : Uttarakhand
Published : 19 April 2025, 7:26 AM IST