मणिकर्णिका घाट जाने से सपा नेताओं पर पुलिस की रोक, सांसद वीरेंद्र सिंह ने उठाया ये बड़ा कदम

उत्तर प्रदेश के वाराणसी में रविवार को समाजवादी पार्टी (सपा) के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। सपा सांसद वीरेंद्र सिंह के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ता मणिकर्णिका घाट जाने की तैयारी में थे, लेकिन सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए पुलिस प्रशासन ने उन्हें रोक दिया।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 25 January 2026, 4:27 PM IST
google-preferred

Varanasi: उत्तर प्रदेश के वाराणसी में रविवार को समाजवादी पार्टी (सपा) के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। सपा सांसद वीरेंद्र सिंह के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ता मणिकर्णिका घाट जाने की तैयारी में थे, लेकिन सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए पुलिस प्रशासन ने उन्हें रोक दिया। इसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई और सांसद वीरेंद्र सिंह अपने समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए।

मणिकर्णिका घाट जाने की थी घोषणा

सपा की ओर से पहले ही घोषणा की गई थी कि पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल मणिकर्णिका घाट जाकर वहां मूर्तियों के तोड़े जाने से जुड़े मामले की सच्चाई जानने जाएगा। सांसद वीरेंद्र सिंह ने बताया कि यह कदम पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष Akhilesh Yadav के निर्देश पर उठाया गया था। शुरुआत में कुछ नेताओं को जाने की अनुमति भी दी गई थी, लेकिन बाद में प्रशासन ने जगह-जगह सपा नेताओं और कार्यकर्ताओं को रोक दिया।

वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर भारी पुलिस फोर्स तैनात, सपा नेताओं को रोकने की तैयारी, जानिये पूरा अपडेट

पुलिस की सख्ती, कई नेता हिरासत में

प्रशासन ने शहर के विभिन्न हिस्सों में बैरिकेडिंग कर दी और कई सपा नेताओं को हिरासत में ले लिया। कार्यकर्ताओं को रोके जाने से नाराज सांसद वीरेंद्र सिंह अर्दली बाजार स्थित टैगोर टाउन कॉलोनी में अपने आवास के बाहर समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए। इस दौरान सपा कार्यकर्ताओं ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की।

सांसद वीरेंद्र सिंह का आरोप

धरने के दौरान सांसद वीरेंद्र सिंह ने कहा,“पहले हमें सीमित संख्या में घाट जाने की अनुमति दी गई थी, लेकिन बाद में कार्यकर्ताओं को घरों में नजरबंद कर दिया गया। जैसे ही मैं अपने आवास से बाहर निकला, मुझे भी रोक दिया गया। सरकार और जिला प्रशासन आखिर कौन-सा सच छिपाना चाहता है? मणिकर्णिका घाट जाने से हमें क्यों रोका जा रहा है?”

प्रशासन का पक्ष

अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त नीतू कात्यायन ने बताया कि सांसद अपने आवास से कुछ दूरी पर धरने पर बैठे हैं और घाट जाने की अनुमति की मांग कर रहे हैं। इस मुद्दे पर जिलाधिकारी और प्रशासन के बीच बातचीत चल रही है।
उन्होंने कहा कि सुरक्षा के मद्देनजर पीएसी और कई थानों की फोर्स तैनात की गई है। पहले अनुमति दी गई थी, लेकिन सपा नेताओं द्वारा लहुराबीर इलाके में प्रदर्शन के आह्वान के बाद हालात को देखते हुए अनुमति रोक दी गई।

अन्य नेताओं पर भी कार्रवाई

इसी बीच कोतवाली थाना क्षेत्र के नक्कास इलाके में सपा नेता लालू यादव को उनके घर में ही नजरबंद कर दिया गया। सपा ने अखिलेश यादव के निर्देश पर मणिकर्णिका घाट जाने के लिए 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल का गठन किया है।

चित्रकूट में मासूम के गायब होने की कहानी का खौफनाक अंत, कस्बे में पसरा सन्नाटा; पढ़ें पूरा अपडेट

राजनीतिक माहौल गर्म

मणिकर्णिका घाट को लेकर हुए इस घटनाक्रम से वाराणसी का राजनीतिक माहौल गरमा गया है। सपा जहां इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बता रही है, वहीं प्रशासन सुरक्षा व्यवस्था का हवाला देकर अपनी कार्रवाई को सही ठहरा रहा है।

 

Location : 
  • Varanasi

Published : 
  • 25 January 2026, 4:27 PM IST

Advertisement
Advertisement