
साइबर अपराध पर पुलिस की चोट
Gorakhpur: ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामले में चिलुआताल पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर प्राप्त शिकायत पर कार्रवाई करते हुए संबंधित बैंक से समन्वय स्थापित किया और लगातार पैरवी कर रकम वापस कराई। पुलिस ने साइबर ठगी के शिकार पीड़ित के खाते से निकाली गई ₹19,956 की पूरी धनराशि वापस करा दी। पुलिस की इस कार्रवाई से पीड़ित को बड़ी राहत मिली है।
पुलिस के अनुसार, 17 जनवरी 2026 को साइबर ठग ने पीड़ित से संपर्क किया था। ठग ने बातचीत के दौरान पीड़ित को अपने विश्वास में लिया और धोखे से उसका ओटीपी हासिल कर लिया। ओटीपी मिलते ही साइबर ठग ने पीड़ित के बैंक खाते से धनराशि निकाल ली। खाते से रुपये निकलने की जानकारी होने के बाद पीड़ित ने मामले की शिकायत राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज कराई।
शिकायत मिलने के बाद चिलुआताल थाना पुलिस की साइबर सेल टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित बैंक से संपर्क किया। पुलिस टीम ने लेनदेन से संबंधित जानकारी जुटाने के साथ ही धनराशि को वापस कराने के लिए लगातार प्रभावी पैरवी की। पुलिस के प्रयासों के परिणामस्वरूप ₹19,956 की धनराशि पीड़ित के खाते में वापस करा दी गई।
पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के साथ ओटीपी, बैंक संबंधी जानकारी, एटीएम या यूपीआई संबंधी गोपनीय विवरण साझा न करें। साइबर ठगी होने की स्थिति में तत्काल राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने के साथ संबंधित पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते धनराशि को सुरक्षित कराने की कार्रवाई की जा सके।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक उत्तरी और पुलिस अधीक्षक अपराध के मार्गदर्शन, क्षेत्राधिकारी कैम्पियरगंज के पर्यवेक्षण तथा थानाध्यक्ष चिलुआताल सूरज सिंह के नेतृत्व में की गई। टीम में साइबर नोडल अधिकारी उपनिरीक्षक सचिदानन्द पाण्डेय और कांस्टेबल विवेक चौरसिया शामिल रहे।
Location : Gorakhpur
Published : 4 September 2026, 6:38 AM IST