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आरोपी गिरफ्तार फोटो सोर्स-डाइनामाइट न्यूज
देवरिया: रुद्रपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) परिसर स्थित कर्मचारी आवास में गुड़िया विश्वकर्मा की हत्या के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस अधीक्षक अभिजित आर. शंकर के मुताबिक, महिला की हत्या कथित तौर पर तीन लाख रुपये की सुपारी देकर कराई गई थी। हत्या को चोरी का रूप देने के लिए कमरे में सामान बिखेर दिया गया था। मामले में रुद्रपुर पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, 27 अक्टूबर को चेकिंग के दौरान आरोपियों ने पुलिस टीम पर गोली चलाई। जवाबी कार्रवाई में रामाशीष यादव के पैर में गोली लगी। वह घायल अवस्था में पुलिस हिरासत में है और उसका उपचार चल रहा है।
पुलिस के अनुसार, 25 अक्टूबर 2026 की रात करीब 12:55 बजे डायल 112 के माध्यम से सूचना मिली कि रुद्रपुर सीएचसी परिसर स्थित कर्मचारी आवास के अंदर गुड़िया विश्वकर्मा का शव पड़ा है। सूचना मृतका की ननद पूर्णिमा विश्वकर्मा ने दी थी। उसने बताया था कि ड्यूटी से लौटने के बाद कमरे में गुड़िया को मृत अवस्था में पाया।
मौके पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया तो कमरे में सामान बिखरा मिला। शुरुआती तौर पर ऐसा प्रतीत हुआ कि चोरी के इरादे से घर में घुसे किसी व्यक्ति ने महिला की हत्या कर दी है। हालांकि, पुलिस ने विभिन्न पहलुओं पर जांच शुरू की।
पुलिस के मुताबिक, विवेचना के दौरान सामने आया कि गुड़िया की हत्या की साजिश में उसके पति चमनलाल विश्वकर्मा, पति के भाई अभिमन्यु विश्वकर्मा, सास उर्मिला देवी और ननद पूर्णिमा विश्वकर्मा की कथित भूमिका थी। मामले में इन लोगों के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 513/2026 के तहत बीएनएस की धारा 80(2), 85 और दहेज प्रतिषेध अधिनियम की धारा 3/4 में मुकदमा दर्ज किया गया था।
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पुलिस का दावा है कि साजिश को अंजाम देने के लिए परिवार के परिचित सत्यप्रकाश यादव के माध्यम से गोरखपुर जनपद के गगहा थाना क्षेत्र के छपरा निवासी रामाशीष यादव पुत्र स्वर्गीय रमाकांत यादव से संपर्क किया गया था। कथित तौर पर गुड़िया की हत्या के लिए तीन लाख रुपये में सौदा तय हुआ था। पुलिस के अनुसार, इसमें से करीब ढाई लाख रुपये पहले ही दिए जा चुके थे, जबकि शेष 50 हजार रुपये हत्या के बाद देने की बात तय हुई थी।
पुलिस के अनुसार, जांच में सामने आया कि 25 अक्टूबर की रात बाहर से बुलाए गए दो लोगों ने कथित तौर पर गुड़िया की रस्सी से गला घोंटकर और सिर पर हथौड़े से वार कर हत्या की। इसके बाद कमरे का सामान बिखेर दिया गया, ताकि घटना को चोरी के दौरान हुई हत्या का रूप दिया जा सके।
पुलिस ने घटनास्थल से जुड़े साक्ष्यों और विवेचना के आधार पर मामले की साजिश का खुलासा करने का दावा किया है। हालांकि, आरोपियों के खिलाफ लगाए गए आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायालय में साक्ष्यों के आधार पर होगा।
पुलिस के मुताबिक, 27 अक्टूबर को चेकिंग के दौरान रामाशीष यादव और उसके एक साथी ने पुलिस टीम पर गोली चलाकर भागने का प्रयास किया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में रामाशीष यादव के पैर में गोली लगी। घायल आरोपी को हिरासत में लेकर उपचार कराया जा रहा है।
पुलिस ने बताया कि हत्या में इस्तेमाल हथौड़ा और रस्सी समेत अन्य साक्ष्य बरामद किए गए हैं। मामले में हत्या की धारा 103(1) और आपराधिक साजिश से संबंधित धारा 61(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अधीक्षक अभिजित आर. शंकर ने बताया कि रुद्रपुर पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने मामले का खुलासा करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
Location : देवरिया
Published : 27 October 2026, 8:48 PM IST