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PNB सहसवान शाखा में CBI की कार्रवाई
बदायूं: सहसवान के पंजाब नेशनल बैंक का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां पंजाब नेशनल बैंक की सहसवान शाखा में बुधवार दोपहर बाद शाखा प्रबंधक (लोन ऑफिसर) राजीव गंगवार और दफ्तरी दयाराम उर्फ दया को सीबीआई ने घूस लेते हुए गिरफ्तार कर लिया। जिसके के बाद टीम ने बैंक का गेट बंद करवाकर कई घंटों तक पूछताछ की।
डाइनामाइट न्यूज संवाददाता के अनुसार, कांकसी निवासी राजकुमार नाम के व्यक्ति ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत पांच लाख रुपये का ऋण लेने के लिए बैंक में आवेदन किया था। उसके बाद खादी ग्रामोद्योग विभाग से पत्रावली पंजाब नेशनल बैंक की सहसवान शाखा में पहुंची। जिसकी जानकारी होने पर राजकुमार ने बैंक में संपर्क किया। जिसके बाद वहां शाखा प्रबंधक राजीव गंगवार ने दया नाम के कर्मचारी को बुलाकर कहा कि वह उसके संपर्क में रहा करें जिसकी वजह से राजकुमार तब से लगातार बैंक के चक्कर काट रहे थे।
दयाराम ने राजकुमार को बताया कि लोन स्वीकृत कराने के लिए 40 हजार रुपये देने होंगे लेकिन राजकुमार ये रकम देने की स्थिति में नहीं थे। राजकुमार ने बताया कि वह केवल हाईस्कूल पास हैं। खुद बेरोजगार हैं तो इतनी बड़ी रकम घूस में देने की उनकी क्षमता नहीं थी। उनके मोबाइल फोन पर इस संबंध में मेसेज आते थे। जिसके बाद इसकी जानकारी उन्होंने अपने भाई देवव्रत को दी तो उन्होंने सीबीआई से संपर्क किया।
सीबीआई के कहने पर दोनों दया व राजीव के संपर्क में बने रहे और उनलोगों बीच 38 हजार रुपये में बात तय हुई। बुधवार को लखनऊ से सीबीआई टीम दो गाड़ियों में अचानक बैंक की शाखा सहसवान पहुंच गई। जिसके बाद यहां टीम ने दोनों आरोपियों को 38 हजार रुपये का चेक लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया। इस दौरान बैंक शाखा में अफरातफरी मच गई।
आरोपी सीधे घूस न लेकर राजीव गंगवार ने दया के साथ मिलकर योजना एक बनाई थी। इन लोगों ने राजकुमार से अपनी चेकबुक लाने के लिए भी कहा था और वह रकम मंगवाकर वह 38 हजार रुपये राजकुमार के ही खाते में जमा करा दिया। उसके बाद फिर दया ने ही राजकुमार से कहा कि वह अपने ही खाते से 38,000 रुपये चेक से निकाले। इसी चेक को देते समय सीबीआई टीम ने दया और फिर राजीव को पकड़ लिया।
बैंक शाखा प्रबंधक राजीव गंगवार मूल रूप से बरेली जिले के फरीदपुर थाने के मेहतरपुर गांव का निवासी है। लेकिन वह सहसवान में किराये पर कमरा लेकर रहता है सीबीआई की टीम कार्रवाई के बाद रात में उसके कमरे की भी तलाशी ली। बैंक कर्मचारी दयाराम बैंक प्रबंधक की सभी स्थानीय डील वही कराता था वह बदायूं जिले के ही जरीफनगर थाने के गांव धर्मपुर टप्पा वैश्य का निवासी है। सीबीआई ने लखनऊ शाखा में ही यह केस दर्ज कर लिया। आरोपी भी लखनऊ जेल भेजे जा सकते हैं।
Location : Budaun
Published : 1 May 2025, 5:46 PM IST
Topics : CBI Loan officer Punjab National Bank