धान की रोपाई पर जा रही ट्रैक्टर-ट्रॉली बनी मौत का जाल! बदायूं में खाई में पलटते ही मची चीख-पुकार, कई बच्चे घायल

बदायूं के वजीरगंज क्षेत्र में धान की रोपाई के लिए जा रही ट्रैक्टर-ट्रॉली खाई में पलट गई। हादसे में एक दर्जन से अधिक बच्चे और मजदूर घायल हुए। ग्रामीणों ने तत्काल राहत कार्य शुरू कर घायलों को अस्पताल पहुंचाया। पुलिस और प्रशासन मामले की जांच में जुटा है।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 18 July 2026, 12:15 PM IST
google-preferred

Budaun: उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के वजीरगंज विकासखंड क्षेत्र में शनिवार को एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। गांव मुड़िया सतासी (मुड़िया 87) के पास धान की रोपाई के लिए मजदूरों और बच्चों को लेकर जा रही ट्रैक्टर-ट्रॉली अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खाई में पलट गई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई।

ट्रॉली के नीचे दब गए कई बच्चे

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रैक्टर-ट्रॉली पर 10 से 15 मजदूर और बच्चे सवार थे। वाहन पलटते ही एक दर्जन से अधिक बच्चे ट्रॉली के नीचे दब गए। हादसा इतना अचानक हुआ कि किसी को संभलने का मौका नहीं मिला। आसपास के खेतों में काम कर रहे ग्रामीण तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया।

ग्रामीणों ने बचाई कई जिंदगियां

स्थानीय लोगों ने बिना समय गंवाए ट्रॉली के नीचे दबे बच्चों और मजदूरों को बाहर निकाला। इसके बाद सभी घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल भेजा गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कई बच्चों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनका इलाज जारी है। हालांकि, घायलों की आधिकारिक संख्या और उनकी स्थिति को लेकर प्रशासन की ओर से विस्तृत जानकारी का इंतजार है।

जब अस्पताल में सब सो रहे थे… तभी चोर खेल गया ऐसा खेल, सुबह खुला राज तो उड़ गए होश!

पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंचा

हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और तहसील प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच गई। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि दुर्घटना कैसे हुई और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही थी या नहीं, इसकी जांच की जा रही है।

यह लोकतंत्र के लिए अच्छा संकेत नहीं… अखिलेश यादव का बड़ा बयान, सोनम वांगचुक को हटाने पर सरकार पर साधा निशाना

तेज रफ्तार और ओवरलोडिंग पर उठे सवाल

घटना के बाद स्थानीय लोगों ने ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में मजदूरों और बच्चों को ले जाने की व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि खेती के मौसम में अक्सर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में क्षमता से अधिक लोगों को बैठाकर ले जाया जाता है, जिससे इस तरह के हादसों का खतरा बढ़ जाता है। लोगों ने प्रशासन से ऐसे मामलों पर सख्ती बरतने की मांग की है।

Location :  Budaun

Published :  18 July 2026, 12:15 PM IST

Related News

Advertisement