राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के बाद कड़ा पहरा: फेशियल रिकग्निशन से हाजिरी, 1000 कर्मचारियों पर तीसरी आंख की नजर

अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के आरोपों के बाद ट्रस्ट ने कर्मचारियों पर निगरानी बढ़ा दी है। अब एंट्री और एग्जिट प्वाइंट्स पर फेशियल रिकग्निशन टेक्नोलॉजी से हाजिरी ली जा रही है। वहीं, सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर गठित एसआईटी मामले की गहन जांच कर रही है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 20 August 2026, 12:12 PM IST

Ayodhya: मंदिर में चढ़ावे की चोरी के आरोपों की जांच के बीच राम मंदिर परिसर में कर्मचारियों पर निगरानी बढ़ा दी गई है। अब कर्मचारियों पर उनके काम शुरू करने (क्लॉक-इन) से लेकर शिफ्ट खत्म होने तक नजर रखी जा रही है। एंट्री और एग्जिट पॉइंट पर फेशियल रिकग्निशन टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया जा रहा है। साथ ही रजिस्टर में आने-जाने का समय भी मैन्युअल रूप से दर्ज किया जा रहा है।

अलग-अलग जगहों पर कैमरे लगाए गए

राम मंदिर परिसर के अलावा रामघाट वर्कशॉप, तीर्थयात्री सेवा केंद्र, तीर्थयात्री सुविधा केंद्र और रामनिवास में भी कैमरे लगाए गए हैं। इनका इस्तेमाल कर्मचारियों की हाज़िरी और गतिविधियों पर नजर रखने के लिए किया जा रहा है।

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जो कर्मचारी ड्यूटी से नदारद पाए जाते हैं या अक्सर देर से आते हैं, उनसे स्पष्टीकरण मांगा जा रहा है और उन्हें कारण बताओ नोटिस (शो-कॉज नोटिस) जारी किए जा रहे हैं। अगर जवाब संतोषजनक नहीं होता है, तो आगे की कार्रवाई की जाती है।

सेवा में लगभग लगे हैं एक हजार कर्मचारी

राम मंदिर से जुड़े कामों में लगभग 1,000 कर्मचारी लगे हुए हैं। इनमें श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के लगभग 300 कर्मचारी शामिल हैं, जो तीर्थयात्री सुविधा केंद्र तीर्थ क्षेत्र पुरम और तीर्थयात्रियों के ठहरने की जगहों जैसी अलग-अलग जगहों पर काम करते हैं। इसके अलावा, SIS के 300 से ज्यादा सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। सेना के 35 से ज्यादा रिटायर्ड जवान भी मंदिर के कामकाज में योगदान दे रहे हैं।

चोरी के आरोपों के बीच पूर्व पदाधिकारियों की बढ़ी गतिविधियां

चढ़ावे की चोरी की जांच के बीच ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय और पूर्व ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा की सार्वजनिक गतिविधियां चर्चा का विषय बन गई हैं। 25 जुलाई से चंपत राय अयोध्या में अलग-अलग मठों और मंदिरों का दौरा कर रहे हैं और साधु-संतों से मिल रहे हैं। वहीं डॉ. अनिल मिश्रा भी पिछले कुछ दिनों से सार्वजनिक कार्यक्रमों में दिखाई दे रहे हैं। बुधवार को उन्होंने रामकोट परिक्रमा की, जहां कई लोगों ने उनका स्वागत किया।

रामकोट परिक्रमा को लेकर चर्चा

डॉ. अनिल मिश्रा ने 21 अगस्त को होने वाले कार्यक्रम के बारे में प्रतिभागियों के साथ चर्चा की; यह कार्यक्रम रामकोट परिक्रमा का एक साल पूरा होने के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है। इस मौके पर VHP के पदाधिकारियों, पुजारी रमेश दास और RP पांडे 'वैद्य' समेत कई लोग मौजूद थे।

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खबरों के मुताबिक, गोपाल राव राम लल्ला की पूजा करने और चंपत राय से मिलने के लिए इसी दिन अयोध्या लौटे थे। मंदिर में चढ़ावे को लेकर हुए विवाद के बाद गोपाल राव 15 जुलाई को अयोध्या से चले गए थे।

SIT की जांच पर फोकस

मंदिर में चढ़ावे के मामले में सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर बनाई गई स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) की जांच अभी चल रही है। ट्रस्ट को राज्य सरकार की ओर से बनाई गई SIT की रिपोर्ट मिल गई है। अब ध्यान मंदिर के मैनेजमेंट से जुड़े लोगों की भूमिका और आगे होने वाली संभावित कार्रवाई पर है।

आरोपी की रिमांड पर कोर्ट में सुनवाई

पुलिस रिमांड को लेकर आरोपी की आपत्तियों पर बुधवार को कोर्ट में सुनवाई हुई। लीगल एड डिफेंस काउंसिल के डिप्टी चीफ और आरोपी के वकील कुलशेखर सिंह ने कहा कि पुलिस रिपोर्ट के खिलाफ कोई अलग से आपत्ति दर्ज नहीं कराई जाएगी।

Location :  Ayodhya

Published :  20 August 2026, 12:12 PM IST