फतेहपुर सीकरी में 17 गायों की दर्दनाक मौत, कारण जानने के लिए जुटा प्रशासन

आगरा के फतेहपुर सीकरी थाना क्षेत्र के ग्राम दूरा में स्थित दुर्वासागढ़ गोशाला की 17 गायों की रविवार को संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई, जबकि 13 गायों का इलाज चल रहा है। पशुपालन विभाग ने पोस्टमार्टम के बाद विसरा जांच के लिए मथुरा भेजा है। शुरुआती जांच में जहरीले पदार्थ या विषाक्त घास की आशंका जताई जा रही है।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 23 March 2026, 6:15 AM IST
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Agra: आगरा के फतेहपुर सीकरी इलाके में रविवार का दिन उस वक्त खौफनाक मंजर में बदल गया, जब चरने गईं गायें एक-एक कर जमीन पर गिरने लगीं। ग्राम दूरा स्थित दुर्वासागढ़ गोशाला से निकली करीब 60 गायों में से 17 ने तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया, जबकि 13 गायों की हालत बिगड़ने पर उनका इलाज शुरू करना पड़ा। इस घटना ने पूरे गांव और आसपास के इलाके में दहशत फैला दी है। खेत में बिखरी गायों की लाशें और तड़पते गोवंश को देखकर ग्रामीण सन्न रह गए। शुरुआत में किसी को समझ नहीं आया कि आखिर कुछ ही मिनटों में ऐसा क्या हो गया कि स्वस्थ दिख रही गायें अचानक मौत के मुहाने पर पहुंच गईं।

चरते-चरते बिगड़ी तबीयत, मच गया हड़कंप

जानकारी के मुताबिक ग्राम दूरा निवासी महावीर सिंह की निजी गोशाला में करीब 100 गोवंश हैं। रविवार सुबह करीब 10 बजे चरवाहा 60 गायों को पास के खेतों में चराने ले गया था। रास्ते में गायों ने कई जगह पानी भी पिया। इसके बाद वे एक खाली पड़े खेत में चरने लगीं। आसपास गेहूं की फसल खड़ी थी, लेकिन जिस खेत में गायें गईं, वह बंजर बताया जा रहा है और वहां काफी ऊंची घास उगी थी। दोपहर करीब ढाई बजे अचानक गायों की हालत बिगड़ने लगी। कुछ गायें लड़खड़ाकर गिर गईं और फिर तड़पने लगीं। यह नजारा देखकर चरवाहा घबरा गया और उसने शोर मचाया। देखते ही देखते ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई, लेकिन तब तक 17 गायों की मौत हो चुकी थी।

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विषाक्त पदार्थ की आशंका, मथुरा भेजे गए सैंपल

सूचना मिलते ही पशु चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संजय तोमर अपनी टीम और पुलिस के साथ मौके पर पहुंचे। गंभीर हालत में मिली 13 गायों को तुरंत दवाएं दी गईं और इलाज शुरू किया गया। बाद में हालत में कुछ सुधार होने पर उन्हें गोशाला भेज दिया गया। मृत गायों का पोस्टमार्टम कराया गया और विसरा जांच के लिए मथुरा पंडित दीन दयाल उपाध्याय पशु चिकित्सा विश्वविद्यालय भेजा गया है। अधिकारियों का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला विषाक्त पदार्थ का लग रहा है। शक है कि घास, चारे या पानी में किसी जहरीले तत्व के कारण यह हादसा हुआ हो। जिस खेत में अधिकतर गायों ने दम तोड़ा, वहां की घास और दूसरे नमूने भी जांच के लिए भेजे गए हैं।

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लापरवाही या साजिश, हर एंगल पर जांच

अब यह मामला सिर्फ हादसे तक सीमित नहीं माना जा रहा। पुलिस और पशुपालन विभाग इस बात की भी जांच कर रहे हैं कि कहीं किसी ने जानबूझकर चारे या घास में जहर तो नहीं मिलाया। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी और पुलिस की मौजूदगी में मृत गायों का अंतिम संस्कार कराया गया। उधर, विधायक चौधरी बाबूलाल ने भी घटना पर गंभीर चिंता जताते हुए तत्काल जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल गांव में डर, गुस्सा और बेचैनी का माहौल है, जबकि सभी की नजर अब लैब रिपोर्ट पर टिकी है, जो इस रहस्यमय मौतकांड का असली सच सामने ला सकती है।

Location :  Agra

Published :  23 March 2026, 6:15 AM IST

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