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ऋषिकेश: उत्तराखंड के वन मंत्री सुबोध उनियाल ने मंगलवार को राजाजी पार्क में हुई वाहन दुर्घटना की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए। मंत्री ने इसकी जानकारी दी।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के मुताबिक सोमवार शाम हुई दुर्घटना में दो वन अधिकारियों समेत चार व्यक्तियों की मृत्यु हो गयी थी, जबकि हादसे के दौरान चीला नहर में गिर गयी एक महिला वन अधिकारी अब भी लापता है। हादसे में चार अन्य घायल भी हुए हैं ।
हादसे को अत्यंत दुखद बताते उनियाल ने बताया कि ऋषिकेश-चीला नहर को बंद करने के आदेश जारी कर दिए गये हैं ताकि लापता हो गयीं राजाजी टाइगर रिजर्व की वन्यजीव प्रतिपालक आलोकी देवी की खोजबीन की जा सके।
दुर्घटनाग्रस्त हुआ इलेक्ट्रिक वाहन चीला रेंज में ट्रायल के लिए लाया गया था। इसका उपयोग राजाजी प्रशासन को गश्त और जानवरों के बचाव के लिए करना है।
मंत्री ने कहा कि देश के अन्य बाघ अभयारण्यों में भी यह वाहन खरीदा गया है और उसी क्रम में उत्तराखंड में भी खरीद लिया गया। हांलांकि, उन्होंने कहा कि उक्त हादसे की उच्च स्तरीय जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं ।
चीला से ऋषिकेश की ओर आ रहा वाहन चीला बिजलीघर के आगे एक पेड़ से टकराने के बाद नहर की दीवार से जा टकराया और दुर्घटनाग्रस्त हो गया । इससे उसमें सवार चीला के वन रेंजर शैलेश घिल्डियाल, इको टूरिज्म रेंजर प्रमोद ध्यानी, चालक सैफ अली खान और एक अन्य कुलराज सिंह की मृत्यु हो गयी थी जबकि वाहन से छिटककर नहर में जा गिरी आलोकी देवी लापता हो गयी थीं ।
घटना में डॉ राकेश नौटियाल, हिमांशु गोसाई, अमित सेमवाल और अंकुश घायल हुए हैं जिनका अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान ऋषिकेश में उपचार चल रहा है ।
देवी की तलाश के लिए राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ), अग्निशमन सेवा, जल पुलिस तथा स्थानीय पुलिस की मदद से चीला नहर में अभियान चलाया जा रहा है ।
Published : 9 January 2024, 4:27 PM IST
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