मांगे पूरी न होने तक बीटीसी उम्मीदवार जारी रखेंगे आन्दोलन

डीएन संवाददाता

शिक्षक भर्ती में वरीयता देने के लिए अनुभव के आधार पर प्रति वर्ष ढाई अंक और अधिकतम 25 अंक वैटेज देने के मामले को लेकर शिक्षामित्रों ने अपना आंदोलन जारी रखने की बात कही है।


लखनऊ: सरकार शिक्षामित्रों को शिक्षक भर्ती में वरीयता देने के लिए अनुभव के आधार पर प्रति वर्ष ढाई अंक और अधिकतम 25 अंक देने की बात कही है। साथ ही इस बाबत शासनादेश भी जारी कर दिया। शिक्षामित्रों को उनके अनुभव के आधार पर 25 अंकों का वेटेज दिये जाने का बीटीसी उम्मीदवार विरोध कर रहे हैं। अपनी इसी मांग को लेकर वे 2 माह से भी ज्यादा समय से लक्ष्मण मेला मैदान में धरने पर बैठे हैं।

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बीटीसी उम्मीदवारों की पुलिस से हुई झड़प
बीटीसी उम्मीदवार भाजपा मुख्यालय में आयोजित होने वाले जनता-दरबार में अपनी मांगों को लेकर पंहुचे। जहां पहले तो पुलिस ने उन्हें अंदर जाने से रोका लेकिन बाद में मंत्री से मिलने के लिए 2 लोगों को अंदर भेजा।

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बीटीसी उम्मीदवार शुभी ने डाइनामाइट न्यूज को बताया की सरकार ने शिक्षामित्रों को 25 अंको का वेटेज देने का जो फैसला किया है। उसके कारण बीटीसी उम्मीदवार शिक्षक भर्ती परीक्षा में शिक्षामित्रों से पीछे रह जायेगें। उन्होंने बताया कि सरकार के इस फैसले से यूपी के 75 हजार से ज्यादा बीटीसी उम्मीदवारों का भविष्य अन्धकार में डूब जायेगा। शुभी ने बताया की मंत्री ने उनसे कहा कि सरकार उनकी मांगो पर चिंतन कर रही है। साथ ही जल्द ही इस मामलें में उनके भविष्य को देखते हुए फैसला लेगी। यूपी सरकार में महिला कल्याण मंत्री रीता बहुगुणा ने बीटीसी उम्मीदवारों को आश्वस्त किया कि सरकार उनके साथ अन्याय नही होने देगी। 


बीटीसी उम्मीदवार जारी रखेंगे आन्दोलन
डाइनामाइट न्यूज़ से बातचीत करते हुए बीटीसी उम्मीदवार शुभी ने बताया कि जब तक उनकी मांगो को लेकर सरकार कोई फैसला नही लेती है। तब तक उनका राजधानी के लक्ष्मण मेला मैदान मे धरना चलता रहेगा। गुरूवार को बीटीसी प्रशिक्षित उम्मीदवारों ने अपनी नौकरी की मांग को लेकर भाजपा मुख्यालय में महिला कल्याण मंत्री रीता बहुगुणा जोशी को अपना ज्ञापन सौंपा। मंत्री रीता बहुगुणा जोशी ने उनकी मांगो को पूरा करने का आश्वासन दिया।

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