अगर आप 7–8 घंटे की नींद लेने के बाद भी थकान महसूस करते हैं, तो इसके पीछे खराब स्लीप क्वालिटी, विटामिन की कमी, तनाव, अनियमित दिनचर्या और देर रात स्क्रीन या कैफीन का सेवन जिम्मेदार हो सकता है। सही लाइफस्टाइल अपनाकर इस समस्या से राहत पाई जा सकती है।

7–8 घंटे सोने के बावजूद अगर नींद गहरी नहीं है तो शरीर को पूरा आराम नहीं मिलता। देर रात तक मोबाइल, लैपटॉप या टीवी देखने से नींद बार-बार टूटती है। इससे सुबह उठने पर थकान, सिर भारीपन और सुस्ती महसूस होती है, जिससे दिनभर एनर्जी लो बनी रहती है। (फोटो सोर्स- इंटरनेट)
शरीर में विटामिन D और B12 की कमी होने पर लगातार थकान बनी रह सकती है। विटामिन D की कमी से मांसपेशियों में दर्द और कमजोरी होती है, जबकि B12 की कमी ऑक्सीजन सप्लाई को प्रभावित करती है। इससे शरीर सुस्त रहता है और बिना मेहनत के भी थकावट महसूस होती है। (फोटो सोर्स- इंटरनेट)
सोने से पहले चाय, कॉफी, चॉकलेट या मीठी चीजें खाने से शरीर का नर्वस सिस्टम एक्टिव हो जाता है। इससे शरीर रिलैक्स नहीं हो पाता और नींद की गुणवत्ता खराब होती है। इसका असर अगले दिन दिखता है, जब व्यक्ति थका हुआ और बिना एनर्जी के महसूस करता है। (फोटो सोर्स- इंटरनेट)
शरीर के हार्मोन नींद, मूड और एनर्जी को नियंत्रित करते हैं। ज्यादा तनाव या खराब लाइफस्टाइल के कारण हार्मोन असंतुलित हो सकते हैं। इससे नींद पूरी होने के बावजूद शरीर फ्रेश महसूस नहीं करता और लगातार थकान बनी रहती है, जो धीरे-धीरे स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है। (फोटो सोर्स- इंटरनेट)
हर दिन अलग-अलग समय पर सोना और उठना शरीर की बायोलॉजिकल क्लॉक को बिगाड़ देता है। इससे शरीर सही तरीके से रेस्ट नहीं कर पाता। भले ही आप 7–8 घंटे की नींद लें, लेकिन अनियमित दिनचर्या के कारण दिनभर थकान और आलस बना रहता है। (फोटो सोर्स- इंटरनेट)