नीति आयोग में सुमन बेरी की जगह कौन? नए उपाध्यक्ष को लेकर बड़ा अपडेट… पढ़ें पूरी खबर

देश की शीर्ष नीति निर्माण संस्था नीति आयोग में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। मौजूदा उपाध्यक्ष सुमन के. बेरी का कार्यकाल 30 अप्रैल को समाप्त हो रहा है। उनकी जगह वरिष्ठ अर्थशास्त्री और पश्चिम बंगाल के भाजपा विधायक अशोक कुमार लाहिड़ी को नया उपाध्यक्ष बनाए जाने की तैयारी है। साथ ही वैज्ञानिक गोबर्धन दास को सदस्य बनाए जाने की भी चर्चा तेज है।

Post Published By: Bobby Raj
Updated : 25 April 2026, 1:57 PM IST
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New Delhi: देश की प्रमुख नीति निर्धारण संस्था नीति आयोग में जल्द बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। मौजूदा उपाध्यक्ष सुमन के. बेरी का कार्यकाल 30 अप्रैल 2026 को समाप्त होने जा रहा है और अब उनके उत्तराधिकारी के रूप में वरिष्ठ अर्थशास्त्री और भाजपा नेता अशोक कुमार लाहिड़ी का नाम सामने आया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक सरकार ने उनके नाम पर सहमति बना ली है और जल्द आधिकारिक घोषणा की जा सकती है।

सूत्रों के अनुसार, पश्चिम बंगाल की बालुरघाट विधानसभा सीट से भाजपा विधायक रहे अशोक कुमार लहिरी नीति आयोग के नए उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाल सकते हैं। बताया जा रहा है कि वह सुमन के. बेरी की जगह लेंगे, जिन्होंने मई 2022 में यह पद संभाला था और उनका कार्यकाल अप्रैल 2026 तक निर्धारित था।

नीति आयोग देश की आर्थिक और विकास नीतियों को दिशा देने वाली सबसे महत्वपूर्ण संस्थाओं में से एक है। प्रधानमंत्री इसके अध्यक्ष होते हैं, जबकि उपाध्यक्ष संस्था के संचालन और नीति निर्धारण में अहम भूमिका निभाते हैं।

अर्थशास्त्र और प्रशासन में लंबा अनुभव

अशोक कुमार लहिरी का नाम अर्थशास्त्र और वित्तीय नीति के क्षेत्र में काफी प्रतिष्ठित माना जाता है। उन्होंने भारत सरकार के 12वें मुख्य आर्थिक सलाहकार के रूप में काम किया है। अटल बिहारी वाजपेयी सरकार के दौरान उन्हें यह जिम्मेदारी दी गई थी और उन्होंने करीब पांच वर्षों तक आर्थिक नीतियों पर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

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कोलकाता की प्रेसीडेंसी विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त करने वाले लहिरी ने कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संस्थानों में कार्य किया है। वह दिल्ली स्कूल ऑफ़ इकोनॉमिक्स, एशियाई विकास बैंक, बंधन बैंक और राष्ट्रीय लोक वित्त एवं नीति संस्थान  से भी जुड़े रहे हैं। इसके अलावा उन्होंने विश्व बैंक और अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष जैसी वैश्विक संस्थाओं के साथ भी काम किया है।

उनका आर्थिक अनुभव और नीतिगत समझ उन्हें नीति आयोग जैसे संस्थान के लिए मजबूत दावेदार बनाती है। ऐसा माना जा रहा हैं कि यदि उन्हें यह जिम्मेदारी मिलती है, तो आर्थिक सुधार और विकास योजनाओं को नई दिशा मिल सकती है।

गोबर्धन दास को भी मिल सकती है बड़ी भूमिका

नीति आयोग में सिर्फ उपाध्यक्ष पद पर ही बदलाव नहीं, बल्कि सदस्य स्तर पर भी नई नियुक्तियों की संभावना जताई जा रही है। रिपोर्ट्स के मुताबिक वैज्ञानिक और पूर्व भाजपा नेता गोबर्धन दास को नीति आयोग का सदस्य बनाया जा सकता है।

गोबर्धन दास विज्ञान और शोध से जुड़े रहे हैं और पश्चिम बंगाल की राजनीति में भी सक्रिय भूमिका निभा चुके हैं। उन्होंने 2021 विधानसभा चुनाव में भी चुनावी मैदान में किस्मत आजमाई थी, हालांकि उन्हें सफलता नहीं मिली। अब उन्हें नीति आयोग में शामिल किए जाने की चर्चा तेज हो गई है।

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फिलहाल केंद्र सरकार की ओर से इन नियुक्तियों को लेकर आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। लेकिन सरकारी सूत्रों के अनुसार, अशोक कुमार लहिरी के नाम पर लगभग अंतिम मुहर लग चुकी है।

नीति आयोग में यह बदलाव ऐसे समय हो रहा है जब देश आर्थिक विकास, डिजिटल नीति, रोजगार, निवेश और राज्यों के साथ समन्वय जैसे बड़े मुद्दों पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। ऐसे में नए नेतृत्व से नीति आयोग की कार्यशैली और प्राथमिकताओं में भी बदलाव देखने को मिल सकता है।

Location :  New Delhi

Published :  25 April 2026, 12:39 AM IST

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