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दिल्ली में महंगी होगी बिजली (Img: Google)
New Delhi: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के बिजली उपभोक्ताओं को जल्द ही बढ़े हुए बिल का सामना करना पड़ सकता है। दिल्ली विद्युत नियामक आयोग (DERC) ने बिजली वितरण कंपनियों को फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज (FPPAS) वसूलने की अनुमति दे दी है। इस फैसले का सबसे ज्यादा असर उन उपभोक्ताओं पर पड़ेगा जो हर महीने 500 यूनिट से अधिक बिजली की खपत करते हैं और सरकारी सब्सिडी के दायरे में नहीं आते।
FPPAS यानी Fuel and Power Purchase Adjustment Surcharge वह अतिरिक्त शुल्क है, जो बिजली उत्पादन में इस्तेमाल होने वाले ईंधन और बिजली खरीद की लागत बढ़ने पर उपभोक्ताओं से वसूला जाता है। हाल के महीनों में कोयले के आयात, परिवहन और ऊर्जा खरीद की लागत में वृद्धि हुई है। इसी वजह से बिजली कंपनियों ने अतिरिक्त लागत की भरपाई के लिए डीईआरसी से सरचार्ज बढ़ाने की मांग की थी।
अधिकारियों के अनुसार, पूर्ण या 50 फीसदी बिजली सब्सिडी पाने वाले उपभोक्ताओं पर इस फैसले का सीधा असर नहीं पड़ेगा। हालांकि 500 यूनिट से अधिक बिजली खर्च करने वाले और सब्सिडी के दायरे से बाहर रहने वाले उपभोक्ताओं को जून के बिल में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
दिल्ली की प्रमुख बिजली वितरण कंपनियां—BSES Rajdhani Power Limited, BSES Yamuna Power Limited और Tata Power Delhi Distribution Limited—ने डीईआरसी से FPPAS की 10 फीसदी सीमा में छूट मांगी थी। आयोग ने कंपनियों की मांग पर विचार करते हुए अतिरिक्त सरचार्ज वसूलने की अनुमति दी है।
आयोग ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था अगले आदेश तक मासिक आधार पर लागू रहेगी। ऐसे में यदि बिजली खरीद लागत ऊंची बनी रहती है, तो आने वाले महीनों में भी उपभोक्ताओं को अतिरिक्त शुल्क का बोझ उठाना पड़ सकता है।
Location : New Delhi
Published : 13 June 2026, 2:53 PM IST