ईरान मसले पर अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump पड़े नरम, जानें जंग से इनकार कर क्या किया खुलासा

डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर अमेरिकी कार्रवाई को जंग मानने से इनकार करते हुए दावा किया कि उसकी सैन्य और ड्रोन क्षमता बुरी तरह कमजोर हो चुकी है। उन्होंने कहा कि परमाणु कार्यक्रम निष्क्रिय है और अमेरिका आगे भी सख्त रणनीति जारी रखेगा, साथ ही भारत-पाक तनाव घटाने का भी श्रेय लिया।

Updated : 1 May 2026, 8:05 AM IST
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Washington: अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा है कि हाल ही में की गई सैन्य कार्रवाई को वह 'जंग' नहीं मानते हैं। गुरुवार (30 अप्रैल 2026) को व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने दावा किया कि इस अभियान के बाद Iran की सैन्य ताकत को गंभीर नुकसान पहुंचा है और अब वह समझौते के लिए तैयार होने की स्थिति में है।

ईरान की सैन्य क्षमता पर बड़ा दावा

ट्रंप के अनुसार अमेरिकी कार्रवाई के बाद ईरान की नौसेना और वायुसेना को भारी क्षति हुई है। उन्होंने दावा किया कि ईरान की ड्रोन निर्माण क्षमता में करीब 82 प्रतिशत की गिरावट आई है। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह निष्क्रिय कर दिया गया है। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि इन कदमों के बाद ईरान की सैन्य क्षमता काफी हद तक खत्म हो चुकी है।

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जंग नहीं, रणनीतिक कार्रवाई: ट्रंप

राष्ट्रपति ट्रंप ने स्पष्ट किया कि वह इस पूरे घटनाक्रम को युद्ध के रूप में नहीं देखते। उनके मुताबिक, यह एक सीमित और रणनीतिक सैन्य अभियान था, जिसका उद्देश्य ईरान की क्षमताओं को कमजोर करना था। उन्होंने संकेत दिया कि अमेरिका आगे भी अपनी सख्त नीति जारी रखेगा और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

भारत-पाकिस्तान संबंधों का भी किया जिक्र

ट्रंप ने बातचीत के दौरान India और Pakistan के संबंधों का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि उन्होंने दोनों देशों के बीच तनाव कम कराने में अहम भूमिका निभाई है। ट्रंप के अनुसार, उन्होंने टैरिफ जैसे आर्थिक उपायों का इस्तेमाल कर दोनों देशों को चेतावनी दी थी कि अगर तनाव जारी रहा तो कड़े कदम उठाए जाएंगे।

उन्होंने यह भी कहा कि उनके हस्तक्षेप से एक संभावित बड़े संघर्ष को टाला जा सका। ट्रंप ने दावा किया कि अब तक उन्होंने दुनिया के आठ बड़े विवादों को शांत कराने में योगदान दिया है और कई देशों ने इसके लिए उन्हें धन्यवाद भी दिया है।

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ईरान की अर्थव्यवस्था पर दबाव

ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरान की आर्थिक स्थिति लगातार कमजोर हो रही है। उनके मुताबिक, ईरानी बंदरगाहों पर लगाया गया नेवल ब्लॉकेड प्रभावी साबित हो रहा है, जिसका सीधा असर देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है। उन्होंने संकेत दिया कि अमेरिका आगे भी अपनी सख्त रणनीति जारी रखेगा और ईरान पर दबाव बनाए रखेगा।

आगे क्या?

राष्ट्रपति ट्रंप के बयानों से साफ है कि अमेरिका फिलहाल सैन्य और आर्थिक दोनों मोर्चों पर ईरान के खिलाफ दबाव की नीति अपनाए हुए है। हालांकि उन्होंने इसे जंग मानने से इनकार किया है, लेकिन उनके बयान आने वाले समय में क्षेत्रीय और वैश्विक राजनीति पर असर डाल सकते हैं।

Location :  Washington

Published :  1 May 2026, 8:05 AM IST

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