रिटायर्ड कर्नल पर छह युवकों ने किया बोतलों से हमला, पुलिस लापरवाही के कारण प्रधानमंत्री तक करनी पड़ी शिकायत

रिटायर्ड कर्नल अनिल यादव (50) पर सेक्टर-50 थाना क्षेत्र में देर रात उस समय हमला हो गया जब वह मेदांता अस्पताल से अपने बीमार पिता की देखभाल कर घर लौट रहे थे। उनकी कार की हल्की टक्कर के बाद दूसरी गाड़ी से उतरे छह युवकों ने बीयर की बोतलों और मुक्कों से मारपीट की, कार में तोड़फोड़ की और उन्हें जबरन अपनी गाड़ी में बैठाकर ले जाने की कोशिश की।

Post Published By: Bobby Raj
Updated : 23 February 2026, 7:42 PM IST

Gurugram: सेना के रिटायर्ड कर्नल पर छह युवकों ने बीयर की बोतलों से हमला कर दिया और लात घूसे भी मारे। मामला रोडरेज का बताया जा रहा है। पुलिस द्वारा त्वरित कार्रवाई नहीं किए जाने पर एक और कर्नल रोहित देव ने गुरुग्राम पुलिस से लेकर मुख्यमंत्री, गृह मंत्री और प्रधानमंत्री तक को टैग करके पोस्ट किया।

क्या है मामला

अपनी एक्स पोस्ट में कर्नल रोहित देव ने बताया कि रिटायर्ड कर्नल अनिल यादव (50 वर्ष) 21 फरवरी की देर रात मेदांता अस्पताल से अपने बीमार पिता की देखभाल के बाद घर लौट रहे थे। इसी दौरान सेक्टर 50 थाना क्षेत्र में उनकी गाड़ी साथ चल रही गाड़ी से टकरा गई। कर्नल यादव अकेले कार चला रहे थे, तो दाईं लेन में चल रही एक कार अचानक बाईं ओर मुड़ गई। ब्रेक लगाने के बावजूद उनकी कार हल्के से टकरा गई। उन्होंने कार से उतरकर नुकसान का आकलन किया। वे मामूली क्षति के लिए मुआवजा देने को भी तैयार थे, लेकिन दूसरी कार से बीयर की बोतलें लेकर छह युवक उतरे। उन्होंने पहले कर्नल यादव से बहस शुरू की और अचानक हमला बोल दिया। आरोपियों ने कर्नल पर बीयर बोतलों और मुक्कों से वार किए, उनकी कार का विंडस्क्रीन, लाइट्स आदि तोड़ दिए। हमलावरों ने उन्हें जबरन अपनी कार में धकेला और किडनैप करके ले जाने की कोशिश की।

कर्नल से पैसे भी छीन लिये

कर्नल देव के मुताबिक के मुताबिक बढ़ते ट्रैफिक और आसपास राहगीरों के जमा होने के कारण आरोपियों भागना पड़ा, लेकिन जाते-जाते उन्होंने कर्नल से पैसे भी छीन लिए। घायल कर्नल अनिल यादव को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां आपातकालीन उपचार के बाद उन्हें भर्ती कर लिया गया है। उनकी चोट गंभीर बताई जा रही हैं, लेकिन वे खतरे से बाहर हैं।

सीमा पर पुलिसकर्मियों की हत्या, आखिर किसने मारे ये सिपाही? सवालों के घेरे में पंजाब सरकार

पुलिस से क्यों निराश हैं कर्नल ?

कर्नल देव ने आरोप लगाया कि इस मामले में सेक्टर-50 पुलिस स्टेशन की महिला जांच अधिकारी (आईओ) अभी तक अस्पताल पहुंचकर उनका बयान लेने या एफआईआर दर्ज करने नहीं आई हैं। आरोप है कि आईओ ने बिना पूरी जांच के पूर्वाग्रह से यह मान लिया कि कर्नल ने ही छह लोगों को पीटा और चुपके से भाग गए।

पीएमओ ऑफिस तक की शिकायत

कर्नल देव के मुताबिक उन्होंने अधिकारियों से त्वरित कार्रवाई की अपील की है, जिसमें डीसी गुरुग्राम, गुरुग्राम पुलिस, डीसीपी ट्रैफिक, हरियाणा पुलिस, मुख्यमंत्री हरियाणा, केंद्रीय गृह मंत्री, रक्षा मंत्री, पीएमओ आदि शामिल हैं।

पूर्व सैनिकों ने इस मामले को गंभीरता से लिया है और कहा है कि देश की सेवा करने वाले वयोवृद्धों की सुरक्षा सुनिश्चित होनी चाहिए।

पांच गिरफ्तार

मीडिया में मामला सामने आने के बाद पुलिस एक्टिव हुई और पांच आरोपियों को अरेस्ट किया। आरोपियों की पहचान पंकज (उम्र-23 वर्ष) निवासी निगाणीवास जिला रेवाड़ी, विकास (उम्र-21 वर्ष) निवासी बगथला रेवाड़ी, निखिल (उम्र-21 वर्ष) निवासी मसानी रेवाड़ी, साहिल (उम्र-22 वर्ष) निवासी खेड़ी तलवाना जिला महेंद्र व अंकित कुमार (उम्र-22 वर्ष) निवासी खेड़ी तलवाना जिला महेंद्र के रूप में हुई है।

गाजीपुर बोर्ड परीक्षा में सॉल्वर गैंग का पर्दाफाश, प्रधानाचार्य सहित दो गिरफ्तार

-सेना के रिटायर्ड कर्नल पर छह युवकों ने बीयर की बोतलों से हमला कर दिया और लात घूसे भी मारे। रोड़रेज के इस मामले की शिकायत मुख्यमंत्री, गृह मंत्री और प्रधानमंत्री तक को करनी पड़ी। फौजियों ने जमकर रोष व्यक्त किया, तब जाकर दोषियों की गिरफ्तारी हुई।

Location : 
  • Gurugram

Published : 
  • 23 February 2026, 7:42 PM IST