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नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत के साथ सोने और चांदी की कीमतों में तेज उछाल देखा गया है। ग्लोबल मार्केट, रुपये की कमजोरी और शादी के सीजन की मांग ने कीमतों को ऊपर पहुंचा दिया है, जिससे आम लोगों और निवेशकों की चिंता बढ़ गई है। आईये जानते हैं क्यों बढ़ रही सोने-चांदी की कीमत?
प्रतीकात्मक तस्वीर (फोटो सोर्स- इंटरनेट)
New Delhi: नया वित्तीय वर्ष 2026-27 आज 1 अप्रैल से शुरू हो गया है और इसके साथ ही सर्राफा बाजार में बड़ी हलचल देखने को मिली है। देशभर में सोने और चांदी की कीमतों में अचानक तेजी आई है, जिससे आम उपभोक्ताओं और निवेशकों दोनों की चिंता बढ़ गई है। खासकर शादियों के सीजन से ठीक पहले आई इस महंगाई ने बाजार का रुख बदल दिया है।
सोने की कीमतों में इस तेज उछाल के पीछे कई अहम कारण हैं। सबसे बड़ा कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने के दाम का बढ़ना है। इसके अलावा भारतीय रुपये में कमजोरी के चलते सोने का आयात महंगा हो गया है। वहीं, शादी के सीजन को देखते हुए ज्वैलर्स द्वारा भारी खरीदारी भी कीमतों को ऊपर ले जा रही है। इन सभी कारकों का संयुक्त असर बाजार पर साफ दिखाई दे रहा है।
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राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत लगभग 149,670 रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गई है। वहीं मुंबई में यह कीमत 149,520 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज की गई है। चेन्नई, कोलकाता, बेंगलुरु और पुणे जैसे अन्य प्रमुख शहरों में भी इसी तरह के रेट देखने को मिल रहे हैं। 22 कैरेट सोने की कीमतें भी 136,000 रुपये से 137,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के बीच बनी हुई हैं।
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी जबरदस्त उछाल देखने को मिला है। 1 अप्रैल को चांदी की कीमत करीब 250,100 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गई। हालांकि इससे पहले चांदी में गिरावट दर्ज की गई थी, लेकिन अब बाजार फिर से मजबूती की ओर बढ़ता नजर आ रहा है।
वैश्विक स्तर पर भी कीमती धातुओं की कीमतों में तेजी बनी हुई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना लगभग 4,652 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड कर रहा है, जबकि चांदी करीब 74 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर पहुंच गई है। इसका सीधा प्रभाव भारतीय बाजार पर पड़ रहा है, जिससे कीमतों में तेजी बनी हुई है।
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने भी बाजार में अस्थिरता पैदा की है। हालांकि यह उम्मीद जताई जा रही है कि यह विवाद जल्द सुलझ सकता है, लेकिन फिलहाल निवेशक सुरक्षित विकल्प के रूप में सोने की ओर रुख कर रहे हैं। ऐसे समय में सोना एक सुरक्षित निवेश माना जाता है, जिससे इसकी मांग और कीमत दोनों बढ़ जाती हैं।
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पिछले महीने की गिरावट के बाद अब बाजार ने फिर से तेजी पकड़ ली है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में सोने और चांदी की कीमतों में और उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।