एंजेल चकमा मर्डर केस: नेपाल भागा आरोपी यज्ञ राज अवस्थी कैसे आएगा हाथ? CBI ने लगाईं तीन बड़ी आपत्तियां, जानें क्या है मामला

क्या नेपाल भागा एंजेल चकमा का हत्यारा कानून की पकड़ से बच निकलेगा? CBI ने ब्लू कॉर्नर नोटिस की प्रक्रिया पर उठाईं तीन बड़ी आपत्तियां। जानें क्यों 3 महीने बाद भी खाली हैं पुलिस के हाथ और मास्टरमाइंड को वापस लाने में अब क्या है नई अड़चन।

Post Published By: Rohit Goyal
Updated : 23 March 2026, 10:18 AM IST
google-preferred

Dehradun: देहरादून के सेलाकुई क्षेत्र में हुए बहुचर्चित एंजेल चकमा हत्याकांड में मुख्य आरोपी यज्ञ राज अवस्थी के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शिकंजा कसने की पुलिसिया कोशिशों को फिलहाल एक बड़ा झटका लगा है। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने आरोपी के खिलाफ ब्लू कॉर्नर नोटिस जारी करने की प्रक्रिया पर तीन गंभीर आपत्तियां जताई हैं, जिससे जांच की सुस्त रफ्तार और तकनीकी खामियां उजागर हुई हैं।

सीबीआई ने 'भारत पोल पोर्टल' के माध्यम से उत्तराखंड पुलिस को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि फरार आरोपी की व्यक्तिगत आपराधिक भूमिका और उसकी मंशा को लेकर करीब 1600 शब्दों का एक विस्तृत कच्चा चिट्ठा पेश किया जाए। इस रिपोर्ट में घटना के पंजीकरण, समय और आरोपी की संलिप्तता से जुड़ी हर छोटी-बड़ी जानकारी मांगी गई है ताकि इंटरपोल के माध्यम से नेपाल सरकार तक ठोस साक्ष्य भेजे जा सकें।

उपचार के दौरान तोड़ा था दम

इस खूनी संघर्ष की शुरुआत 9 दिसंबर 2025 को सेलाकुई क्षेत्र में दो पक्षों के बीच हुए मामूली विवाद से हुई थी, जिसने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया। आरोप है कि मुख्य आरोपी यज्ञ राज अवस्थी और उसके साथियों ने एंजेल चकमा और उनके भाई माइकल चकमा पर जानलेवा हमला कर दिया, जिसमें एंजेल की गर्दन के पास गंभीर चोटें आईं।

बंगाल में ओवैसी का बड़ा दांव! इस पार्टी से मिलाया हाथ; क्या गठबंधन से बदलेगा चुनावी गणित?

घायल एंजेल को तुरंत शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उनकी स्थिति को अत्यंत चिंताजनक बताया था। शुरुआत में पुलिस ने इस मामले में 'हत्या के प्रयास' की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की थी, लेकिन उपचार के दौरान 26 दिसंबर को एंजेल की मृत्यु हो जाने के बाद मामले को धारा 302 (हत्या) में तब्दील कर दिया गया। इस देरी और आरोपी के रसूख के चलते वह पुलिस को चकमा देकर सीमा पार नेपाल भागने में सफल रहा।

मास्टरमाइंड अब भी कानून की पहुँच से बाहर

पुलिस की तफ्तीश में अब तक दो नाबालिगों सहित कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनके खिलाफ पुलिस ने अदालत में चार्जशीट भी दाखिल कर दी है। हालांकि, हत्याकांड का मुख्य सूत्रधार यज्ञ राज अवस्थी गिरफ्तारी से बचने के लिए पड़ोसी देश नेपाल में शरण लिए हुए है, जिसे वापस लाने के लिए ब्लू कॉर्नर नोटिस की औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं।

फतेहपुर सीकरी में 17 गायों की दर्दनाक मौत, कारण जानने के लिए जुटा प्रशासन

सीबीआई की ताज़ा आपत्तियों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि वारदात को बीते तीन महीने से अधिक का समय हो चुका है और अभी तक कागजी औपचारिकताएं भी पूरी नहीं हो पाई हैं। सूत्रों के अनुसार, जब तक पुलिस आरोपी की व्यक्तिगत भूमिका और उसकी हत्या करने की स्पष्ट मंशा का विवरण नहीं देती, तब तक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उसकी तलाश की प्रक्रिया को आगे बढ़ाना मुश्किल होगा, जिससे मामले में न्याय मिलने में और अधिक विलंब हो सकता है।

Location : 
  • Dehradun

Published : 
  • 23 March 2026, 10:18 AM IST

Advertisement