
जाली करेंसी (Img : pinterest)
सहारनपुर : पंजाब नेशनल बैंक की करेंसी चेस्ट से मिले 17.29 करोड़ रुपये के जाली नोटों का राज अब एनआईए के सामने खुलेगा। मामला इतना पेचीदा हो गया है कि जांच में जुटी एसआईटी और पुलिस की केस डायरी भी अब एनआईए के हवाले होने वाली है। उधर, करेंसी चेस्ट से सटी बैंक शाखा के चार कर्मचारियों के मोबाइल बंद मिलने और उनके घरों पर ताले लटके होने से मामला और संदिग्ध हो गया है। अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में जाली करेंसी करेंसी चेस्ट तक पहुंची कैसे और इसके पीछे कौन लोग थे।
मामले में एनआईए ने जांच अपने कब्जे में लेने की तैयारी तेज कर दी है। कागजी कार्रवाई पूरी की जा रही है। बताया जा रहा है कि एक-दो दिन में करेंसी चेस्ट से जुड़ी जांच एनआईए को हैंडओवर हो जाएगी। इसके बाद एसआईटी और सदर बाजार पुलिस की ओर से अब तक जुटाए गए दस्तावेज, साक्ष्य और केस डायरी एनआईए को सौंप दी जाएगी। इसके बाद जांच एक ही दिशा में आगे बढ़ेगी और अलग-अलग एजेंसियों की जांच को भी एक साथ जोड़ा जा सकेगा।
29 अगस्त को पीएनबी के नोडल अधिकारी अरुण कुमार चौबे ने करेंसी चेस्ट से 17.29 करोड़ रुपये के जाली नोट मिलने के मामले में तीन प्रबंधकों के खिलाफ सदर बाजार कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई थी। इसके बाद जांच आगे बढ़ी तो बैंक के चार कर्मचारी भी जांच के घेरे में आ गए। इन कर्मचारियों के मोबाइल बंद हैं और उनके घरों पर ताले लगे होने की बात सामने आई है।
जांच एजेंसियों के सामने अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि जाली नोट करेंसी चेस्ट तक पहुंचे कैसे। इसके साथ ही असली नोटों को लेकर भी पड़ताल की जा रही है। करेंसी चेस्ट से सटी पीएनबी शाखा में कारोबारियों के खातों में बड़े स्तर पर लेन-देन होता है। ऐसे में अब कुछ बड़े बैंक खातों की भी जांच हो सकती है। संबंधित खाताधारकों ने कब और कितनी रकम निकाली और वह रकम आगे कहां पहुंची, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है।
एनआईए ने बैंक से जुड़े कर्मचारियों से पूछताछ भी शुरू कर दी है। अब तक करीब 35 कर्मचारियों से पूछताछ की जा चुकी है। इनमें सेवानिवृत्त कर्मचारी भी शामिल हैं। उनसे बैंक में पहले की गतिविधियों, करेंसी चेस्ट की व्यवस्था और कर्मचारियों की भूमिका से जुड़ी जानकारी ली जा रही है। आने वाले दिनों में पूछताछ और बैंक खातों की पड़ताल से इस पूरे मामले में कई नए खुलासे होने की उम्मीद है।
Location : Saharanpur
Published : 9 September 2026, 3:17 PM IST