हिंदी
रवि किशन की सीट पर नए समीकरण की चर्चा
Gorakhpur: मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (MMMUT) परिसर में प्रस्तावित फॉरेंसिक रिसर्च सेंटर के भूमि पूजन कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की एक हल्की-फुल्की टिप्पणी ने राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है। मंच से दिए गए उनके बयान को भले ही हास्य के रूप में लिया गया हो, लेकिन इसके सियासी मायने निकाले जाने लगे हैं।
कार्यक्रम में मौजूद जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के बीच मुख्यमंत्री ने गोरखपुर के सांसद रवि किशन का जिक्र करते हुए इशारों में कहा कि भविष्य में इस सीट पर महिला प्रत्याशी भी दावेदारी कर सकती है। इस टिप्पणी के बाद स्थानीय से लेकर प्रदेश स्तर तक चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।
दरअसल, देश में नारी वंदन अधिनियम को लेकर चल रही बहस के बीच इस बयान को खास महत्व दिया जा रहा है। यह अधिनियम भविष्य में लोकसभा और विधानसभा की सीटों पर महिलाओं के लिए आरक्षण सुनिश्चित करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। ऐसे में राजनीतिक विश्लेषक मान रहे हैं कि आने वाले चुनावों में कई सीटों का गणित बदल सकता है।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में यह भी संकेत दिया कि इस व्यवस्था से उनके ऊपर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा, बल्कि महिलाओं के लिए एक अतिरिक्त अवसर पैदा हो सकता है। उनके इस बयान को कुछ लोग सामान्य राजनीतिक टिप्पणी मान रहे हैं, तो कुछ इसे संभावित रणनीतिक संकेत के रूप में देख रहे हैं।
गोरखपुर सीट प्रदेश की महत्वपूर्ण राजनीतिक सीटों में गिनी जाती है, ऐसे में यहां किसी भी बदलाव की चर्चा स्वाभाविक रूप से सुर्खियां बटोर रही है। हालांकि, अभी तक पार्टी या संगठन की ओर से इस तरह के किसी निर्णय के संकेत नहीं दिए गए हैं।
Prayagraj: स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को मिली राहत, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सुनाया ये फैसला
फिलहाल, मुख्यमंत्री की इस ‘चुटकी’ ने इतना जरूर स्पष्ट कर दिया है कि आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी बढ़ने लगी है। अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि क्या रवि किशन को फिर से मौका मिलेगा या पार्टी भविष्य में किसी नए, संभवतः महिला चेहरे को आगे बढ़ाएगी।
Location : गोरखपुर
Published : 25 March 2026, 8:17 PM IST
Topics : Gorakhpur Gorakhpur News Political News UP News