रोहिन नदी में किसने घोला जहर? सैकड़ों मछलियों की मौत से हड़कंप, जिम्मेदार विभागों की निगरानी पर उठे सवाल

महराजगंज में रोहिणी नदी के चानकी पुल के पास राजगढ़ मंदिर के समीप बड़ी संख्या में मछलियों की मौत से हड़कंप मच गया है। आरोप है कि रात के अंधेरे में नदी के पानी में जहरीला पदार्थ डाला गया, जिससे जलीय जीवों पर संकट खड़ा हो गया।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 27 October 2026, 4:37 PM IST

Maharajganj: रोहिन नदी के पानी में आखिर कौन घोल रहा है जहर? चानकी पुल के पास राजगढ़ मंदिर के समीप बड़ी संख्या में मछलियों की मौत की घटना ने यह गंभीर सवाल खड़ा कर दिया है। नदी में मृत मछलियां दिखाई देने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। आरोप है कि रात के अंधेरे में नदी के पानी में जहरीला पदार्थ डाला गया, जिससे मछलियों की मौत हुई। हालांकि, पानी में किसी जहरीले पदार्थ के इस्तेमाल की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

नदी में मृत मछलियां मिलने से पर्यावरण पर खतरे की आशंका

रोहिन नदी में मछलियों की मौत ने जलीय जीवों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। नदी का पानी दूषित होने की स्थिति में इसका असर दूसरे जलीय जीवों पर भी पड़ सकता है। अगर पानी में हानिकारक रसायन या कोई जहरीला पदार्थ मौजूद है, तो इससे नदी के पारिस्थितिकी तंत्र को नुकसान पहुंचने की आशंका है।

ये भी पढ़ें- गांव के विकास का वीडियो वायरल करना पड़ा भारी? कमलेश पाल के मामले में दो लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज

मामले की गंभीरता इसलिए भी बढ़ जाती है, क्योंकि घटनास्थल के आसपास महराजगंज वन प्रभाग की लक्ष्मीपुर और पकड़ी वन रेंज के क्षेत्र और सोहगीबरवा वन्यजीव अभयारण्य का इलाका बताया जा रहा है। ऐसे में दूषित पानी वन्यजीवों के संपर्क में आने पर उनके स्वास्थ्य के लिए भी खतरा पैदा हो सकता है।

मछलियों की मौत से हड़कंप (Img: AI Generated)

बार-बार ऐसी घटनाओं की चर्चा

क्षेत्र में कथित तौर पर नदी में जहरीला पदार्थ डालने की घटनाएं बार-बार होने की चर्चा के बीच जिम्मेदार लोगों की पहचान और निगरानी व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। अगर नदी में जानबूझकर जहरीला पदार्थ डाला जा रहा है, तो यह केवल मछलियों की मौत का मामला नहीं, बल्कि पर्यावरण और जलीय जीवन की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर विषय है।

ये भी पढ़ें- Hamirpur Crime: हमीरपुर में 28 वर्षीय महिला की संदिग्ध मौत, फंदे पर लटका मिला शव

पानी की वैज्ञानिक जांच और दोषियों पर कार्रवाई जरूरी

घटना की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए नदी के पानी का नमूना लेकर उसकी वैज्ञानिक जांच कराना जरूरी है। साथ ही, मृत मछलियों की स्थिति और मौत के संभावित कारणों की जांच भी कराई जानी चाहिए। इससे स्पष्ट हो सकेगा कि मछलियों की मौत किसी जहरीले पदार्थ, रासायनिक प्रदूषण या किसी अन्य कारण से हुई है।

Location :  Maharajganj

Published :  27 October 2026, 4:37 PM IST